नासिक नगर निगम (NMC) में सत्ता के सबसे शक्तिशाली केंद्र स्थायी समिति के गठन की प्रक्रिया सोमवार को बिना किसी विरोध के पूरी हो गई है. नगर निगम के एक सीनियर अधिकारी ने बताया कि स्थायी समिति के सभी 16 सदस्यों को निर्विरोध निर्वाचित घोषित कर दिया गया है.
इस चुनाव परिणाम ने स्पष्ट कर दिया है कि नगर निगम के वित्तीय फैसलों पर एक बार फिर बीजेपी का वर्चस्व रहने वाला है, हालांकि सत्ता समीकरणों में एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना ने भी अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है.
नियमों और दलीय संख्या बल के आधार पर स्थायी समिति में बीजेपी को सबसे ज्यादा सीटें मिली हैं. 16 में से 9 सदस्य बीजेपी से, 4 सदस्य शिवसेना - एकनाथ शिंदे गुट से, 2 सदस्य शिवसेना - UBT से और 1 सदस्य एनसीपी से है.
निर्वाचित सदस्यों की लिस्ट
बीजेपी से माधुरी बोलकर, नितिन निगल, पल्लवी गनोर, दीपाली कुलकर्णी, इंदुबाई खेताडे, अदिति पांडे, सरिता सोनवाने, जयश्री गायकवाड़ और मच्छिंद्र सनप चुने गए हैं. जबकि शिवसेना - एकनाथ शिंदे गुट से किरण गमाने, राहुल दिवे, रंजना बोराडे और मयूरी पवार (जो मूल रूप से मनसे से हैं, लेकिन उन्होंने शिवसेना समूह सदस्य के रूप में पंजीकरण कराया है) शामिल हैं.
वहीं, शिवसेना - UBT से योगेश गाडेकर और भारती ताजनपुरे और निर्दलीय मुकेश शाहणे ने एनसीपी से रजिस्ट्रेशन कराया है.
बता दें कि 15 जनवरी को हुए एनएमसी के आम चुनावों में बीजेपी ने 133 में से 72 सीटें (पूर्ण बहुमत के करीब) की थी. शिवसेना ने 26 और शिवसेना (यूबीटी) ने 15 सीटों पर कब्जा जमाया था. जबकि एनसीपी के खाते में 4 और कांग्रेस के खाते में 3 सीटें आई थीं.