बॉलीवुड में 70-80 के दशक में हलचल मचाने चाली दिवंगत अदाकारा परवीन बाबी की सम्पत्ति को लेकर चल रहे विवाद का अंत हो गया. उनकी मौत के 11 साल बाद फैसले के तहत परवीन बाॅबी की संपत्ति का 80% हिस्सा महिलाओं और बच्चों की मदद के लिए इस्तेमाल किया जाएगा.
परवीन की मौत के बाद उनके घर में उनकी संपत्ति को लेकर काफी विवाद चल रहा था. परवीन के चाचा ने इस वसीयत के खिलाफ कोर्ट में चैलेंज किया था, लेकिन कोर्ट ने वसीयत को स्वीकृति दे दी है, जिसके मुताबिक उनकी संपत्ति का 20 प्रतिशत हिस्सा उनके चाचा को मिलेगा.
परवीन के मामा ने उनकी वसीयत 2005 में कोर्ट को सौंपी थी. इसकी जांच को आगे तब बढ़ाया गया जब पिछले सप्ताह उनके पिता की साइड के अन्य किसी रिश्तेदार ने यह दावा किया कि वसीयत के कागजात गलत हैं.
इसके बाद आए कोर्ट के फैसले में परवीन बाॅबी का घर, जुहू स्थित चार बेडरूम वाला फ्लैट, जूनागढ़ की हवेली, जेवर, बैंक में रखा 20 लाख रुपये का फिक्स्ड डिपॉजिट और अन्य पूंजी को लेकर चल रहे लंबे विवाद को खत्म कर दिया.
कोर्ट ने कहा कि वसीयत के मुताबिक, परवीन की 80 प्रतिशत संपत्ति का इस्तेमाल एक ट्रस्ट बनाने में होगा, जो गरीब महिलाओं और बच्चों की मदद करेगा. परवीन बाॅबी का यह ट्रस्ट उनके 82 साल के चाचा मुराद खान बाॅबी चलाएंगे. इसके अलावा परिवार के किसी और सदस्य को इस वसीयत में से कुछ भी नहीं मिला है.
परवीन बाॅबी 22 जनवरी 2005 को अपने जुहू वाले फ्लैट में मृत पाई गई थी.