यामी गौतम ने फिल्में चुनने की अपनी अलग चॉइस की वजह से अपनी एक अलग पहचान बनाई है. चाहे चटपटी 'विकी डोनर' और 'बाला' हों या फिर सीरियस सब्जेक्ट वाली 'उरी' और अब 'आर्टिकल 370'. यामी अपनी चॉइस को लेकर बिल्कुल निडर रही हैं. इंडिया टुडे के साथ एक खास बातचीत में यामी ने बताया कि सही फिल्म और रोल चुनने के लिए वो क्या फंडा अपनाती हैं
जब यामी से पूछा गया कि वो 'अपनी फिल्में कैसे चुनती हैं?' तो यामी ने कहा, 'ये ज्यादातर मेरी गट-फीलिंग और इन्ट्यूशन पर बेस्ड होता है. लेकिन कई बार ऐसा होता है कि जब ऐसा होता है तो आपकी अपनी आवाज बैकग्राउंड में खो जाती है और एक किस्म का डर घेर लेता है. ये फ्रंट सीट पर आ जाता है और कहने लगता है कि आपको ऐसी फिल्में चुननी चाहिए, आपको ऐसा प्रोजेक्ट चुनना चाहिए. आपकी फिल्म में एस म्यूजिक होना चाहिए, आपको ऐसे एक्टर, इस तरह के स्टार के साथ काम करना चाहिए, आपको ये चीजें तलाशना चाहिए.'
'खुद को देनी पड़ती है बहुत हिम्मत'
यामी ने बताया कि अंदर से आ रही ये आवाज नुक्सान नहीं करना चाहती, ये कोई गलत चीज नहीं है, ये पर एक पर्सपेक्टिव है. ये किसी व्यक्ति का पर्सपेक्टिव है और जिससे भी आप मिलते हैं, उसके पास आपके लिए एक सलाह होती है. यामी ने आगे कहा, 'तो किसी एक पॉइंट पर मुझे खुद को संभालना होता है और उस तरफ जाना होता है जो मैं असल में हूं, अपने जैसी, वो व्यक्ति जिसने अपना करियर 'विक्की डोनर' से शुरू किया था. अगर मैं आपको 'विक्की डोनर' की पिच लाइन बताऊं तो आप कहेंगे कि प्लीज वापस चले जाइए! तो मझे खुद को रेलिवेंट बनाए रखने के लिए अपने आप को हिम्मत देनी पड़ती है, मुझे अपने आप से, अपनी चॉइस से बहुत कम्फर्टेबल होना पड़ता है.'
यामी ने कहा कि उन्हें अपने करियर का हर एक पार्ट बहुत प्यारा है. उन्होंने आगे बताया, 'ये एक सफर है और जीवन का ये हिस्सा भी ये समझने के लिए बहुत महत्वपूर्ण है कि आपको क्या नहीं करना है. ये एहसास होना कि आप ये नहीं हैं जो कर रहे हैं, बहुत महत्वपूर्ण है और ये मेरे अनुभव हैं, ये मेरा सफर है.' यामी ने कहा कि 'जिंदगी चैलेंजिंग होनी चाहिए' और आपको चार्ज रखने के लिए, मोटिवेशन बनाए रखने के लिए कुछ न कुछ फन होते रहना चाहिए.
'सिर्फ बिजी रहने के लिए नहीं कर सकती कोई भी फिल्म'
अपनी जर्नी से मिला सबक बताते हुए यामी ने कहा, 'जिस दिन आप ये एन्जॉय करने लग जाते हैं और आप स्ट्रगल नहीं कर रहे होते, ये दुनिया की सबसे बेस्ट फीलिंग होती है. ये महसूस करना कि मैंने ये फिल्म नहीं की तो मेरे पास कोई काम नहीं होगा, फिर भी कोई बात नहीं. लेकिन मैं सिर्फ बिजी रहने के लिए और यहां बने रहने के लिए कोई फिल्म नहीं कर सकती. जो नजर से दूर हुआ वो दिमाग से भी दूर हो जाता है, ये बात सच है. लेकिन आप किस वजह से नजर में हैं, आपको किस वजह से देखा जा रहा है, ये भी बहुत महत्वपूर्ण है.'
यामी की पिछली फिल्म 'OMG 2' थी. इस फिल्म में उनके किरदार में एक ग्रे शेड था. लेकिन इस रोल में यामी की परफॉरमेंस को जनता ने बहुत पसंद किया था. अब उनकी लेटेस्ट फिल्म 'आर्टिकल 370' थिएटर्स में रिलीज हो चुकी है, इस फिल्म को ठीकठाक रिव्यू मिल रहे हैं और यामी का काम एक बार फिर से सराहा जा रहा है.