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महेश आनंद: 5 शादियां, 12 अफेयर, फिल्मों के 'कॉन्ट्रेक्ट किलर' विलेन का दर्दनाक हुआ अंत

महेश आनंद एक ऐसा नाम जो शायद आज की पीढ़ी को याद न हो, लेकिन एक समय था जब हर एक्शन फिल्म में उनका होना फिक्स था. लंबी चौड़ी बॉडी, गुस्सैल आंखें, शर्ट के बटन्स खुले हुए और छाती के दिखते बाल खलनायक के किरदार में जान डाल देती थीं.

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कहानी बॉलीवुड के विलेन महेश आनंद की (Photo: FB/Mashy Anand)
कहानी बॉलीवुड के विलेन महेश आनंद की (Photo: FB/Mashy Anand)

बॉलीवुड में 80 और 90 के दशक की एक्शन फिल्मों की बात हो और महेश आनंद का जिक्र न आए, ऐसा हो ही नहीं सकता. लंबी-चौड़ी कद-काठी, रौबीली आवाज, शर्ट के खुले बटन, छाती पर दिखते बाल और आंखों में वो गुस्सा—महेश आनंद जब 'कॉन्ट्रेक्ट किलर' बन पर्दे पर आते, तो नायक के लिए खतरा असली लगने लगता था. उन्होंने अमिताभ बच्चन, गोविंदा और अक्षय कुमार जैसे दिग्गज सितारों के साथ काम किया लेकिन अफसोस जिस एक्टर ने पर्दे पर सैकड़ों बार मौत को सीधी टक्कर दी, उसकी असल जिंदगी का अंत इतना खामोश और खौफनाक होगा, इसकी कल्पना किसी ने नहीं की थी.

चकाचौंध भरी दुनिया के इस मशहूर खलनायक की कहानी शोहरत से शुरू होकर गुमनामी, कंगाली और अकेलेपन की उस अंधेरी गली में खत्म हुई, जहां मौत के तीन दिन बाद तक किसी को खबर भी नहीं लगी.

मॉडलिंग से विलेन बनने तक का सफर
महेश आनंद कभी मार्शल आर्ट्स में ब्लैक बेल्ट हुआ करते थे.लेकिन फिर उन्होंने करियर की शुरुआत एक मॉडल और डांसर के तौर पर की थी. साल 1982 की फिल्म 'सनम तेरी कसम' में वे बैकग्राउंड डांसर के रूप में नजर आए थे, लेकिन उनकी जबरदस्त फिजीक ने फिल्ममेकर्स का ध्यान खींचा. 1984 में आई फिल्म 'करिश्मा' से उन्होंने एक्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद 'शहंशाह', 'गंगा जमुना सरस्वती', 'तूफान' और 'मजबूर' जैसी दर्जनों फिल्मों में उन्होंने खूंखार विलेन की भूमिका निभाई. जहां से उन्हें पूरे देश में पहचान मिली. उनका औरा इतना था कि फिल्म में उनके होने से ही एक्शन का रोमांच बढ़ जाता था. उनके करियर की आखिरी फिल्म 2019 में आई 'रंगीला राजा' थी.

महेश, शहंशाह (1988), स्वर्ग (1990), थानेदार (1990), विश्वात्मा (1992), गुमराह (1993), खुद्दार (1994), कुली नंबर 1 (1995) और विजेता (1996) जैसी फिल्मों में अमिताभ बच्चन, संजय दत्त और गोविंदा सहित बड़े सितारों के साथ दिखाई दिए हैं.

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अक्षय कुमार से हुई लड़ाई
महेश आनंद का गुस्सा सिर्फ पर्दे तक सीमित नहीं था. एक किस्सा ये भी फेमस है कि फिल्म 'वक्त हमारा है' की शूटिंग के दौरान उनकी अक्षय कुमार के साथ असल में झड़प हो गई थी. बताया जाता है कि एक नाइटक्लब में महेश आनंद ने किसी महिला के साथ बदतमीजी की थी, जिस पर अक्षय कुमार ने बीच-बचाव किया. देखते ही देखते बात इतनी बढ़ गई कि दोनों कलाकारों के बीच हाथापाई की नौबत आ गई.

आर्थिक रूप से टूटे
महेश आनंद की जिंदगी का सबसे दुखद पहलू उनकी आर्थिक तंगी रही.  संजय दत्त गोविंदा, शशि कपूर, सनी देओल, विनोद खन्ना, सलमान खान जैसे सितारों के साथ 300 फिल्मों का हिस्सा रहने के बावजूद आखिरी दिनों में उनके पास पैसे नहीं थे. उन्होंने सोशल मीडिया पर अपना दर्द शेयर करते हुए बताया था कि उनके पास काम नहीं है और वे अपने बेटे से भी दूर हैं. उन्होंने अपने सौतेले भाई पर 6 करोड़ रुपये हड़पने का गंभीर आरोप लगाया था. अपनों से मिले धोखे और काम की कमी ने उन्हें मानसिक और आर्थिक रूप से पूरी तरह तोड़ दिया था.

पांच शादियां, पर नसीब नहीं हुई सच्ची खुशी
प्रोफेशनल लाइफ की तरह महेश आनंद की पर्सनल लाइफ भी काफी उथल-पुथल भरी रही. एक्टर की करीबी दोस्त साहिला चड्ढा के मुताबिक, महेश के अलग-अलग समय पर 12 महिलाओं से अफेयर थे. आपको शायद यकीन ना हो लेकिन उन्होंने एक या दो नहीं, बल्कि पांच शादियां कीं. उनकी पहली शादी बरखा रॉय (रीना रॉय की बहन) से हुई थी. इसके बाद उन्होंने पूर्व मिस इंडिया एरिका मारिया डिसूजा (1987) से दूसरी शादी की, जिससे दोनों का एक बेटा हुआ. जिसका नाम त्रिशुल आनंद रखा. इसके बाद मधु मल्होत्रा (1992), एक्ट्रेस उषा बचानी (1999) और अंत में एक रूसी महिला लाना (2018) से शादी की. इतने रिश्तों के बावजूद, अंत में उनके पास कोई नहीं था. वे अपने ही घर में एकदम अकेले रह गए थे.

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इकलौते बेटे को मिलने से तरसे
एक्टर का इकलौता बेटा त्रिशूल महज चंद महीनों का ही था, जब मारिया महेश को छोड़ विदेश चली गईं. इसके बाद मारिया ने महेश से पूरी तरह संबंध खत्म कर लिए. बाद में पता चला कि मारिया ने अपने बेटे का नाम त्रिशूल से बदलकर एंथोनी वोहर कर दिया है. इस बात से महेश का काफी आहत पहुंचा. वो सोशल मीडिया पर इस बात का दर्द भी जाहिर करते रहे. उन्होंने एक पोस्ट में तो मरने से पहले बेटे से आखिरी बार मिलने की इच्छा जाहिर की थी.

ऐसी मौत किसी को भी न मिले
9 फरवरी 2019 को महेश आनंद की कहानी का वो अंत हुआ जिसने पूरी इंडस्ट्री को झकझोर दिया. वे अपने फ्लैट में मृत पाए गए, लेकिन चौंकाने वाली बात यह थी कि उनकी मौत तीन दिन पहले ही हो चुकी थी. उनकी नौकरानी जब दो दिनों तक काम पर आई और दरवाजा नहीं खुला, तब उनकी बहन को सूचित किया गया. जब पुलिस ने दरवाजा तोड़ा, तो महेश आनंद सोफे पर मृत पड़े थे. 

पास में शराब की बोतल और खाना रखा था. पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि उनका शरीर सड़ना शुरू हो गया था. एक समय का सुपरस्टार विलेन अपनी ही मौत के बाद तीन दिनों तक अपनों का इंतजार करता रहा, लेकिन कोई नहीं आया. उनकी 5वीं पत्नी इस वक्त रूस में थी, हालांकि बाद में लाना ने बॉडी क्लेम की और अकेले ही उनका अंतिम संस्कार करवाया.

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