वरिष्ठ वकील और बीजेपी नेता राम जेठमलानी ने रविवार को फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और वित्त मंत्री अरुण जेटली की जमकर आलोचना की. उन्होंने पटना में वन रैंक वन पेंशन (OROP) को लेकर हुए एक कार्यक्रम के दौरान कहा कि बिहार में मुझे वोट करना होता तो मैं नीतीश को वोट देता.
कॉन्फ्रेंस में हंगामा
उनके इस कार्यक्रम में खूब हंगामा भी हुआ. रिटायर्ड लेफ्टिनेंट जनरल अनिल सिन्हा ने जेठमलानी का विरोध शुरू कर दिया. बोले- आपको यहां राजनीति नहीं करनी चाहिए. बल्कि OROP पर बात करनी चाहिए. उन्होंने इसका भी विरोध किया कि जेठमलानी मोदी के खिलाफ बोल रहे हैं और नीतीश का समर्थन कर रहे हैं.
मोदी को मिले सजा
जेठमलानी ने कहा कि पीएम मोदी ने लोगों को धोखा दिया. उन्हें बिहार में हार के रूप में सजा मिलनी चाहिए. जेठमलानी ने एक दिन पहले भी पीएम से स्पष्टीकरण की मांग करते हुए कहा था कि . हालांकि सरकार साफ कर चुकी है कि वह करेगी.
सुशील मोदी ने दिया यह जवाब
बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और बीजेपी नेता सुशील कुमार मोदी ने ट्वीट कर जेठमलानी की बातों का जवाब दिया. उन्होंने ट्वीट किया कि जेठमलानी चारा घोटाले में लालू यादव की पैरवी करना चाहते हैं. इसलिए नए मुवक्किल को खुश करने की कोशिश कर रहे हैं.
विनायक सेन जैसे नक्सलियों, कश्मीरी अलगाववादियों और इंदिरा गांधी के हत्यारों तक की वकालत करने वाले राम जेठमलानी अब चारा घोटाले में 1/1...
— Sushil Kumar Modi (@SushilModi)
2/1... लालू प्रसाद की पैरवी करना चाहते हैं। नये मुवक्किल को खुश करने के लिए जेठमलानी आरक्षण मुद्दे को हवा दे रहे हैं।
— Sushil Kumar Modi (@SushilModi)