बिहार विधान परिषद में प्रतिपक्ष के नेता सुशील कुमार मोदी की पत्नी जेस्सी जार्ज ने प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री रामधनी सिंह द्वारा अपने खिलाफ फर्जी शैक्षणिक डिग्री के जरिए नौकरी पाने का आरोप लगाए जाने को लेकर मंत्री के विरूद्ध पटना शहर स्थित व्यवहार न्यायालय में सोमवार को मानहानि का मुकदमा दायर किया.
जेस्सी जार्ज ने अपने वकील सुबोध कुमार झा के जरिए मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी भरत सिंह की अदालत में रामधनी सिंह के खिलाफ आईपीसी की धारा 499 के तहत मानहानि की शिकायत की. इस पर अदालत ने उनसे मंगलवार को अपना पक्ष रखने को कहा है.
जेस्सी ने आरोप लगाया है कि को फर्जी बताए जाने के कारण छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों की नजरों में उनकी छवि धूमिल हुई है.
उन्होंने कहा कि वे महाराष्ट्र माध्यमिक बोर्ड से मैट्रिक करने, सोफिया कालेज से बीएससी और बीएड और मुंबई से एमएड करने के बाद पटना विश्वविद्यालय से पीएचडी की डिग्री हासिल की और आठ वर्षों तक सेंट्रल स्कूल में कार्य करने के बाद वे वर्ष 2003 में पटना विश्वविद्यालय में व्याख्यता के पद पर बहाल हुईं. वह पिछले अप्रैल 2011 से पटना महिला प्रशिक्षण महाविद्यालय की प्रभारी प्राचार्य के पद पर कार्यरत हैं.
बीजेपी के वरिष्ठ नेता ने अपने पत्नी के ऊपर स्वास्थ्य मंत्री द्वारा लगाए गए आरोप को झूठा और बेबुनियाद बताते हुए 18 जून को कहा था कि अगर मंत्री सात दिनों के अन्दर सार्वजनिक तौर पर माफी नहीं मांगे, तो उनकी का मुकदमा करेगी.
सुशील ने कहा था कि की बेटी की अवैध बहाली का पर्दाफाश होने के बाद उनकी स्थिति ‘खिसियानी बिल्ली खंभा नोचे’ की कहावत जैसी हो गयी है.
- इनपुट भाषा