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औरैया विधानसभा चुनाव 2027 (Auraiya Assembly Election 2027)

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औरैया विधानसभा चुनाव 2027 (Auraiya Assembly Election 2027)

औरैया उत्तर प्रदेश का एक जिला स्तरीय शहर और औरैया जिले का मुख्यालय है, जो यमुना और गंगा के बीच स्थित मध्य दोआब क्षेत्र में आता है. इटावा और कानपुर के बीच पुरानी मुगल रोड पर स्थित यह शहर लंबे समय से आसपास के कृषि क्षेत्र के लिए एक प्रमुख बाजार केंद्र के रूप में काम करता रहा है. वर्ष 1997 में जिला मुख्यालय बनने के बाद इसका महत्व और बढ़ गया. यह आज भी मुख्य रूप से कृषि आधारित शहर है, लेकिन प्रशासनिक भूमिका और महत्वपूर्ण सड़क मार्ग पर स्थित होने के कारण इसे व्यापक आर्थिक और व्यावसायिक महत्व मिला है.

हालांकि 1952 के चुनावों में औरैया-कम-भरथना साउथ विधानसभा क्षेत्र मौजूद था, लेकिन एक स्वतंत्र विधानसभा क्षेत्र के रूप में औरैया 1957 के चुनावों से पहले अस्तित्व में आया. उस समय यह अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित दो सदस्यीय सीट थी. 1962 में यह सामान्य, अनारक्षित एक सदस्यीय विधानसभा क्षेत्र बन गया. 2008 के परिसीमन ने इसकी स्थिति फिर बदल दी और 2012 के चुनाव से यह पुनर्गठित सीमाओं के साथ अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित सीट बन गई. वर्तमान में इसमें पूरा औरैया नगर पालिका क्षेत्र, अजितमल और अटसू के शहरी क्षेत्र तथा नौ कानूनगो सर्किल शामिल हैं. औरैया विधानसभा क्षेत्र इटावा लोकसभा सीट के पांच विधानसभा क्षेत्रों में से एक है.

1957 के बाद हुए 17 विधानसभा चुनावों में दो सदस्यीय व्यवस्था के कारण औरैया से कुल 18 विधायक चुने गए हैं. 1957 में एक निर्दलीय उम्मीदवार और कांग्रेस ने दोनों सीटों पर जीत दर्ज की थी. 1962 में एक सदस्यीय और सामान्य विधानसभा क्षेत्र बनने के बाद हुए 16 चुनावों में नौ दलों ने यह सीट जीती है. बीजेपी तीन जीत के साथ सबसे सफल पार्टी रही है, जबकि कांग्रेस, भारतीय क्रांति दल, जनता पार्टी, समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी ने दो-दो बार जीत दर्ज की है. संयुक्त सोशलिस्ट पार्टी, जनता पार्टी सेक्युलर और लोक दल ने एक-एक बार यह सीट जीती है.

2012 में अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित विधानसभा क्षेत्र बनने के बाद से औरैया में बीजेपी और समाजवादी पार्टी मुख्य दावेदार के रूप में उभरी हैं. समाजवादी पार्टी के मदन सिंह ने 2012 का चुनाव जीता और बसपा उम्मीदवार कुलदीप को 12,062 वोटों से हराया, जबकि बीजेपी तीसरे स्थान पर रही. 2017 में बीजेपी आगे निकल गई, जब रमेश चंद्र ने बसपा उम्मीदवार भीमराव आंबेडकर को 31,862 वोटों से हराया और समाजवादी पार्टी तीसरे स्थान पर रही. रमेश चंद्र का 2021 में निधन हो गया और बीजेपी ने 2022 के चुनाव में गुड़िया कठेरिया को उम्मीदवार बनाया. उन्होंने 88,631 वोट हासिल कर सीट बरकरार रखी, जबकि समाजवादी पार्टी के उम्मीदवार जितेंद्र कुमार दोहरे को 66,184 वोट मिले. इस तरह गुड़िया कठेरिया ने 22,447 वोटों से जीत दर्ज की.

लोकसभा चुनावों के दौरान औरैया विधानसभा क्षेत्र में मतदान का पैटर्न भी कई बार बदला है. 2009 में समाजवादी पार्टी ने बसपा पर 7,899 वोटों की बढ़त बनाई थी. 2014 में बीजेपी तीसरे स्थान से आगे बढ़कर बसपा पर 38,988 वोटों की बढ़त हासिल करने में सफल रही. 2019 में उसकी बढ़त घटकर समाजवादी पार्टी के मुकाबले 11,325 वोट रह गई. 2024 में समाजवादी पार्टी ने फिर बढ़त हासिल की, जब उसके इटावा लोकसभा उम्मीदवार जितेंद्र कुमार दोहरे को 88,556 वोट मिले, जबकि बीजेपी उम्मीदवार राम शंकर कठेरिया को 74,609 वोट मिले. इस तरह विधानसभा क्षेत्र में समाजवादी पार्टी को 13,947 वोटों की बढ़त मिली.

औरैया में पंजीकृत मतदाताओं की संख्या लगातार बढ़ती रही, लेकिन 2026 के मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण के बाद इसमें कमी देखी गई. 2012 में यह संख्या 301,672 थी, जो 2017 में बढ़कर 319,346 हो गई और 2019 के लोकसभा चुनाव के दौरान 325,586 रही. 2022 के विधानसभा चुनाव में यह संख्या बढ़कर 333,922 हो गई और 2024 में 335,020 तक पहुंच गई. एसआईआर के बाद प्रकाशित अंतिम मतदाता सूची में 287,456 मतदाता थे, जो 2024 के आंकड़े से 47,564 कम हैं. यह 14.20 प्रतिशत की कमी को दर्शाता है.

पिछले वर्षों में औरैया में मतदाता मतदान मध्यम स्तर पर रहा है. 2012 में मतदान प्रतिशत 57.66 रहा और 2017 में 57.88 प्रतिशत रहा. 2019 के लोकसभा चुनाव में यह 57.45 प्रतिशत था. 2022 के विधानसभा चुनाव में यह मामूली बढ़कर 58.89 प्रतिशत हो गया, जबकि 2024 के लोकसभा चुनाव में घटकर 55.17 प्रतिशत रह गया.

औरैया एक हिंदू बहुल विधानसभा क्षेत्र है, जिसकी सामाजिक संरचना मिश्रित है. 2011 की जनगणना के अनुसार औरैया शहर की मुस्लिम आबादी करीब नौ प्रतिशत है, हालांकि यह शहर का आंकड़ा है और विधानसभा क्षेत्र की सटीक आबादी का अनुमान नहीं है. विधानसभा क्षेत्र की आबादी में अनुसूचित जाति की हिस्सेदारी करीब 30.15 प्रतिशत है. सामाजिक संरचना के अनुमानों में ब्राह्मणों की आबादी करीब 12.15 प्रतिशत, कुशवाहा 10.37 प्रतिशत, धोबी 9.62 प्रतिशत, कठेरिया 8.86 प्रतिशत और यादव करीब 8.75 प्रतिशत बताए जाते हैं. लोधी, शाक्य, पाल, राजपूत, वैश्य और अन्य समुदायों की भी यहां मौजूदगी है.

2011 में विधानसभा क्षेत्र की करीब 67.83 प्रतिशत आबादी गांवों में रहती थी, जबकि 32.17 प्रतिशत आबादी औरैया, अजितमल और अटसू के शहरी क्षेत्रों में रहती थी. इससे विधानसभा क्षेत्र का स्वरूप स्पष्ट रूप से अर्ध-शहरी दिखाई देता है. ग्रामीण अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार आज भी कृषि है, जबकि औरैया शहर, अजितमल और अटसू आसपास के गांवों को बाजार, प्रशासनिक सेवाएं, शिक्षा, व्यापार और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराते हैं. 2011 की जनगणना के बाद शहरी आबादी में वृद्धि हुई है, जिसके आगामी जनगणना 2027 में दिखाई देने की उम्मीद है.

वृहद औरैया क्षेत्र का इतिहास प्राचीन काल तक फैला हुआ है. जनगणना जिला पुस्तिका इस क्षेत्र को पांचाल क्षेत्र से जोड़ती है और नंद, मौर्य, गुप्त तथा बाद के कन्नौज के शासकों के साथ इसके संबंधों का उल्लेख करती है. 9वीं और 10वीं शताब्दी में यह क्षेत्र गुर्जर-प्रतिहार शासन के अधीन रहा और बाद में दिल्ली सल्तनत तथा मुगल साम्राज्य के प्रभाव क्षेत्र में आया. अकबर के शासनकाल में वर्तमान जिले का क्षेत्र आगरा सूबे के कई प्रशासनिक महलों का हिस्सा था.

औरैया शहर का पारंपरिक इतिहास 16वीं शताब्दी के प्रारंभ तक माना जाता है. सिंघिया ब्राह्मण और रोशंग देव के पुत्र नारायण दास ने 1521 में उस समय के नगला कबीरपुर के पास नारायणपुर की स्थापना की थी. बाद में इस बस्ती को अवारी और फिर औरैया के नाम से जाना जाने लगा. 18वीं शताब्दी में यह क्षेत्र मराठों के नियंत्रण में आया और बाद में अवध के अधीन रहा. अवध के नवाब सआदत अली खान ने 1801 में इसे ब्रिटिश शासन को सौंप दिया. इसके बाद यह इटावा जिले का हिस्सा बन गया और पुरानी आगरा-इलाहाबाद सड़क पर एक कृषि तथा व्यापारिक केंद्र के रूप में बना रहा. 17 सितंबर 1997 को औरैया और बिधूना तहसीलों को इटावा से अलग कर नया औरैया जिला बनाया गया.

औरैया सड़क मार्ग से अच्छी तरह जुड़ा हुआ है, हालांकि इसका सबसे नजदीकी रेलवे स्टेशन फफूंद है, जिसे दिबियापुर रेलवे स्टेशन के नाम से भी जाना जाता है और जो जिला मुख्यालय से करीब 22 किलोमीटर दूर है. यह शहर पुरानी मुगल रोड पर स्थित है और दिबियापुर से करीब 20 किलोमीटर, इटावा से 66 किलोमीटर, कन्नौज से 84 किलोमीटर और कानपुर से 109 किलोमीटर दूर है. ग्वालियर करीब 150 किलोमीटर दूर है, जबकि लखनऊ करीब 225 किलोमीटर और नई दिल्ली करीब 394 किलोमीटर दूर है. आगरा लगभग 180 किलोमीटर दूर है, जबकि अयोध्या और प्रयागराज करीब 300 किलोमीटर तथा वाराणसी करीब 380 किलोमीटर दूर है. सड़क नेटवर्क औरैया को कानपुर देहात, मैनपुरी और आसपास के अन्य जिलों से भी जोड़ता है.

पिछले सात प्रमुख चुनावों में औरैया का चुनावी रिकॉर्ड बीजेपी के पक्ष में चार और समाजवादी पार्टी के पक्ष में तीन जीत दिखाता है, लेकिन यह पूरी तस्वीर नहीं बताता. बहुजन समाज पार्टी इस अवधि में लगातार मुकाबले में रही है और उसकी मौजूदगी का अर्थ है कि दोनों प्रमुख दल अनुसूचित जाति के वोट को अपने लिए निश्चित नहीं मान सकते. बीजेपी को लगातार दो बार विधानसभा सीट जीतने का लाभ है, जबकि समाजवादी पार्टी को 2024 के लोकसभा चुनाव में बीजेपी के खिलाफ विधानसभा क्षेत्र में बढ़त हासिल करने का हालिया लाभ है. प्रतिशत अंकों के आधार पर 2022 में विधानसभा चुनाव में बीजेपी की समाजवादी पार्टी पर बढ़त 11.47 अंक थी, जबकि 2024 के लोकसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी ने इसे बीजेपी के खिलाफ 7.55 अंकों की बढ़त में बदल दिया. एसआईआर ने एक और नया कारक जोड़ दिया है, लेकिन अभी यह स्पष्ट नहीं है कि किसी विशेष जाति या समुदाय पर इसका असमान प्रभाव पड़ा है या नहीं. औरैया का हालिया चुनावी रिकॉर्ड चुनावों के बीच मतदाताओं के रुझान में बदलाव के पर्याप्त संकेत देता है, जिससे बीजेपी और समाजवादी पार्टी दोनों को इस आरक्षित सीट के 2027 के मुकाबले पर लगातार नजर रखनी होगी.

(अजय झा)

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औरैया विधानसभा चुनाव के पिछले नतीजे

2022
2017
WINNER

Gudiya Katheriya

img
BJP
वोट88,631
विजेता पार्टी का वोट %45.3 %
जीत अंतर %11.5 %

औरैया विधानसभा चुनाव के अन्य उम्मीदवार

  • नाम
    पार्टी
    वोट
  • Jitendra Kumar Dohare

    SP

    66,184
  • Ravi Shastri Dohrey

    BSP

    36,159
  • Nota

    NOTA

    1,192
  • Sarita Dohare

    INC

    1,143
  • Vinay Gautam Advocate

    ASPKR

    610
  • Muhar Singh Ambadi

    BMUP

    501
  • Satish Chandra

    IND

    360
  • Sani Gautam

    IND

    354
  • Suneeta Devi

    AAAP

    318
  • Jayveer Singh

    IND

    166
  • Anil Kumar

    IND

    128
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औरैया विधानसभा चुनाव सीट 2027 से जुड़े सवाल जवाब (FAQs)

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