उत्तर प्रदेश में चुनावी सरगर्मियां तेज हो गई हैं. इस बीच आज अंतिम मतदाता सूची जारी की जाएगी. मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ये सूची जारी करेंगे जिसमें करीब 2 करोड़ मतदाताओं के नाम हटाए जा सकते हैं.
6 जनवरी को जारी की गई ड्राफ्ट वोटर्स लिस्ट में 12.55 करोड़ मतदाता शामिल थे. निर्वाचन आयोग ने 6 मार्च तक दावे और आपत्तियां दर्ज करने का समय दिया था, जिसका हल करने के बाद अब ये फाइनल लिस्ट तैयार की गई है. इस लिस्ट में कुल 13.35 करोड़ मतदाता होने की उम्मीद है.
आंकड़ों के मुताबिक, नए नाम जुड़वाने के लिए करीब 86.69 लाख लोगों ने फॉर्म-6 भरा था. जबकि नाम कटवाने के लिए 3.18 लाख लोगों ने फॉर्म-7 जमा किया था.
वोटर्स लिस्ट से नाम कटने की सबसे बड़ी वजह फैमिली मेंबर्स का मैच न होना बताया जा रहा है. इसके साथ ही टेक्निकल प्रॉब्लम्स भी हो रही हैं. जांच के दौरान 2.22 करोड़ मामलों में डेटा में गड़बड़ी पाई गईं. करीब 1.04 करोड़ मतदाताओं को पारिवारिक मिलान नहीं होने पर नोटिस जारी किया गया था. इनके आधार पर लिस्ट से करीब 2 करोड़ नाम हटाए जा सकते हैं. सबसे ज्यादा नाम पश्चिमी उत्तर प्रदेश से काटे जाने की आशंका है.
बता दें कि 6 जनवरी की ड्राफ्ट सूची में 6.88 करोड़ पुरुष और 5.67 करोड़ महिला मतदाता शामिल थे. फाइनल लिस्ट में भी पुरुष मतदाताओं की संख्या महिलाओं से ज्यादा हो सकती है.
यह भी पढ़ें: 'चुनाव आयोग जल्द करे निपटारा...', वोटर लिस्ट से गायब हुआ नंदलाल बोस के पोते का नाम तो SC ने दिए निर्देश
नाम कटने पर क्या करें?
जिन मतदाताओं के नाम अंतिम सूची से हटा दिए जाएंगे, वो लिस्ट जारी होने के बाद भी अपना नाम जुड़वा सकेंगे. ऐसे मतदाताओं को सूची जारी होने के 15 दिनों के भीतर अपने जिला अधिकारी (DM) के पास अपील दर्ज कराना होगा. प्रशासन ने अपील की है कि मतदाता अंतिम सूची में अपना नाम जरूर चेक कर लें ताकि मतदान के दिन किसी परेशानी का सामना न करना पड़े.