कोरोना संकट का इकोनॉमी और विकास पर लगातार गंभीर असर पड़ता दिख रहा है. अब इस संकट की वजह से ही उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा के पास जेवर में बनने वाले एयरपोर्ट का काम लटक गया है. इसके विकास के लिए जर्मन कंपनी से समझौते पर दस्तखत टाल दिया गया है.
उत्तर प्रदेश सरकार ने कोरोना वायरस महामारी के मद्देनजर 29,560 करोड़ रुपये की लागत वाले जेवर एयरपोर्ट के विकास के लिये अनुबंध समझौते पर हस्ताक्षर की तारीख टाल दी है. लखनऊ में मंगलवार को मंत्रिमंडल की बैठक के दौरान यह निर्णय किया गया.
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कब तक टला दस्तखत
आदेश में कहा गया है, ‘चुनी गई कंपनी ज्यूरिख एयरपोर्ट इंटरनेशनल एजी के साथ अनुबंध पर समझौता टाल दिया गया है. यह समझौता भारत-मलेशिया और भारत-स्विट्जरलैंड के बीच उड़ानें शुरू होने की तरीख से 45 दिन तथा संक्रमण की आशंका में अनिवार्य रूप से लोगों को अलग रखने के दिनों को लेकर या 17 अगस्त तक में से जो भी दिन पहले पड़ेगा, उस समय तक के लिए टाल दिया गया है.'
क्या कहा सरकार ने
न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, इसमें कहा गया है कि राज्य मंत्रिमंडल ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट परियोजना के बारे में समय-समय पर निर्णय लेने को लेकर अधिकृत किया है. अधिकारियों के अनुसार कोरोना वायरस संकट से उत्पन्न स्थिति को देखते हुए यह निर्णय किया गया है कि सामान्य स्थिति में यह समझौता उत्तर प्रदेश सरकार और ज्यूरिख एयरपोर्ट की विशेष उद्देश्यीय कंपनी यमुना इंटरनेशनल एयरपोर्ट प्राइवेट लि. के बीच दो जुलाई तक होना थी.
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कम नहीं हो रहा संकट
गौरतलब है कि देश में कोरोना संकट पर काबू नहीं हो पा रहा. लॉकडाउन खुलने का इसी वजह से इकोनॉमी पर खास फर्क नहीं पड़ रहा, क्योंकि कोरोना से मरने वालों के आंकड़े में जबरदस्त उछाल आया है. इसकी वजह से लोग डरे हुए हैं. पिछले 24 घंटे में 357 लोग कोरोना से जंग हार गए. स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से गुरुवार सुबह जारी अपडेट के मुताबिक, पिछले 24 घंटे के अंदर 9 हजार 996 नए मामले सामने आए हैं. देश में कुल मरीजों का आंकड़ा 2 लाख 86 हजार 579 हो गया है.