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पहले नेहरू का बंगला, अब महाराजा की कोठी, अरबों की डील करने वाला कौन है

दिल्ली के रियल एस्टेट बाजार में एक और डील की चर्चा हो रही है. नेहरू के पुराने आवास के बाद अब महाराजा की ऐतिहासिक संपत्ति को भी एक उद्यमी ने अरबों में खरीद लिया है. राजधानी के सबसे महंगे इलाके में हुई इस ₹1,000 करोड़ की 'ट्रॉफी डील' ने पूरे देश के रियल एस्टेट बाजार में हलचल मचा दी है.

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दिल्ली में रियल एस्टेट की सबसे बड़ी डील (Pixabay)
दिल्ली में रियल एस्टेट की सबसे बड़ी डील (Pixabay)

दिल्ली के लुटियंस जोन में एक बार फिर एक प्रॉपर्टी डील ने इतिहास रच दिया है. टिहरी गढ़वाल के महाराजा मनुजेंद्र शाह दिल्ली के भगवान दास रोड पर स्थित अपनी बेहद कीमती प्रॉपर्टी बेचने जा रहे हैं. इकोनॉमिक टाइम्स की एक रिपोर्ट के मुताबिक महाराजा ने इस संपत्ति का सौदा करीब ₹1,000 करोड़ में तय किया है.

इसे खाने-पीने के कारोबार (Food and Beverage) से जुड़े एक स्थानीय बिजनेसमैन खरीद रहे हैं. यह आलीशान प्रॉपर्टी भगवान दास रोड के प्लॉट नंबर 5 पर स्थित है, जिसे फिलहाल '5, भगवान दास रोड' के नाम से जाना जाता है.

इससे पहले खरीदा था नेहरू का सरकारी बंगला

3.2 एकड़ में फैला यह बंगला उस उद्यमी द्वारा खरीदी जाने वाली दूसरी ऐसी बड़ी संपत्ति होगी, इससे पहले उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू के पहले आधिकारिक आवास को भी 1,100 करोड़ रुपये से अधिक में खरीदने का समझौता किया है. हालांकि, खरीदार की पहचान का अभी खुलासा नहीं किया गया है. इन दोनों ही बंगलों को ‘ट्रॉफी एस्टेट्स’ की श्रेणी में रखा गया है. ये ऐसी बेहद दुर्लभ और आलीशान संपत्तियां होती हैं जो अपनी खास लोकेशन और ऐतिहासिक बनावट के लिए जानी जाती हैं.

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रिपोर्ट के अनुसार, यह सौदा अब अपने अंतिम चरण में पहुंच गया है. खरीदार की ओर से एक नामी लॉ फर्म ने इस प्रॉपर्टी को खरीदने में रुचि दिखाते हुए एक सार्वजनिक नोटिस भी जारी कर दिया है.

भगवान दास रोड पर स्थित ये सौदा यह साबित करता है कि लुटियंस दिल्ली की प्राइम प्रॉपर्टीज की चमक आज भी बरकरार है. ₹1,000 करोड़ की यह डील न केवल रियल एस्टेट मार्केट के बढ़ते ग्राफ को दर्शाती है, बल्कि ऐतिहासिक इमारतों के प्रति बड़े निवेशकों के बढ़ते आकर्षण को भी उजागर करती है. हालांकि खरीदार का नाम अभी गुप्त रखा गया है, लेकिन नेहरू के पुराने आवास के बाद महाराजा की इस प्रॉपर्टी को खरीदना यह संकेत देता है कि राजधानी के सबसे वीवीआईपी इलाके में अब एक नए 'एस्टेट किंग' का उदय हो रहा है. 

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