मकर संक्रांति के मौके पर तेज प्रताप यादव ने अपने सरकारी आवास पर भव्य चूड़ा-दही भोज का आयोजन किया, जिसमें राजनीतिक दलों के कई बड़े नेता, राज्यपाल और पिता लालू प्रसाद यादव भी शामिल हुए. लेकिन इस भोज में सबसे ज्यादा चर्चा उनके छोटे भाई और RJD नेता तेजस्वी यादव की गैरमौजूदगी को लेकर हो रही है. जिस पर तेज प्रताप ने अपनी नाराजगी भी जाहिर की है. उन्होंने कहा कि वह तेजस्वी का रात 9 बजे तक इंतजार करेंगे.
तेज प्रताप ने पत्रकारों से बातचीत में कहा, 'हम उनको न्योता देने गए थे, भोज अभी चल ही रहा है... उनके आने का मन करेगा तभी न आएंगे.. जबरदस्ती थोड़ी हम ले आएंगे.'
'जयचंद से घिरे हैं तेजस्वी'
उन्होंने आगे तीखा हमला बोलते हुए कहा कि तेजस्वी यादव जयचंद से घिरे हुए हैं, इसलिए भोज में नहीं पहुंचे. 'जयचंद' का जिक्र तेज प्रताप ने पहले भी RJD के कुछ लोगों पर 'गद्दार' के संदर्भ में किया है जो परिवार में बढ़ते मतभेदों को दिखाता है.
'रात 9 बजे तक करूंगा इंतजार'
तेज प्रताप ने कहा, 'मैं रात नौ बजे तक इंतज़ार करूंगा.' इस दौरान उन्होंने RJD पर भी निशाना साधा और मजाकिया अंदाज में कहा, 'तेजस्वी यादव को हम कहना चाहते हैं कि वो अपनी पार्टी RJD को मेरी पार्टी JJD (जनशक्ति जनता दल) में मिला ले.'
जेजेडी बंगाल में लड़ेगी चुनाव
JJD संस्थापक ने अपनी पार्टी जनशक्ति जनता दल (JJD) को बिहार से बाहर निकालने का ऐलान भी दोहराया. उन्होंने कहा, 'बंगाल में भी मेरी पार्टी चुनाव लड़ेगी.' JJD अब उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल और दिल्ली MCD चुनावों में भी उतरने की तैयारी में है, जिससे उनकी राजनीतिक महत्वाकांक्षा साफ दिख रही है.
भोज में पहुंचे लालू और राज्यपाल
दूसरी ओर तेज प्रताप यादव द्वारा आयोजित इस भोज को सुपर-हिट बताया जा रहा है, जिसमें लालू प्रसाद यादव और बिहार के राज्यपाल मोहम्मद आरिफ खान ने शिरकत की. भोज के दौरान दोनों पास में बैठे नजर आए. भोज के दौरान तेज प्रताप खुद हर व्यवस्था को परखते नजर आए, ताकि मेहमानों खातिरदारी में कोई कमी न रह जाए.
वहीं, इस भोज में कई NDA और अन्य दलों के नेता भी शामिल हुए, लेकिन मां राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव कहीं नजर नहीं आए. तेज प्रताप ने पहले ही परिवार को व्यक्तिगत रूप से न्योता दिया था, लेकिन छोटे भाई की अनुपस्थिति ने फिर से यादव परिवार में दरार की चर्चा को हवा दी है.
इन नेताओं ने बनाई दूरी
बताया जा रहा है कि तेज प्रताप ने दही-चूड़ा भोज के लिए जिन बड़े चेहरों को खासकर बड़े एनडीए नेताओं को निमंत्रण दिया था, उसमें से केवल तीन नेता ही उनके घर पहुंचे हैं. इस भोज से दूरी बनाने वाले नेताओं में राष्ट्रीय लोक मोर्चा से मंत्री दीपक प्रकाश, हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा से मंत्री संतोष सुमन, बिहार विधान परिषद के अध्यक्ष अवधेश नारायण सिंह, जनता दल यूनाइटेड से मंत्री मदन सहनी, बिहार विधानसभा स्पीकर प्रेम कुमार, विकासशील इंसान पार्टी के नेता मुकेश साहनी, जनता दल यूनाइटेड से मंत्री लेसी सिंह, आरजेडी प्रदेश अध्यक्ष मंगनी लाल मंडल, बीजेपी से मंत्री रामकृपाल यादव, बीजेपी से मंत्री लखींद्र पासवान, बीजेपी से मंत्री दिलीप जायसवाल, जनता दल यूनाइटेड से मंत्री रीता निषाद शामिल हैं.