दोपहर का वक्त था. बाजार में रोज की तरह आवाजाही थी. झांसी के मऊरानीपुर का सर्राफा बाजार भी ग्राहकों और दुकानदारों से गुलजार था. इसी बीच एक शख्स अघोरी बाबा के भेष में ज्वैलरी शॉप में पहुंचा. शरीर पर धार्मिक वेशभूषा, गले में माला, माथे पर रंग-राख और सामने सर्राफा कारोबारी संतोष रायकवार. पहली नजर में सबकुछ सामान्य ही लगा. बाबा ने दुकान पर पायल दिखाने की बात कही. दुकानदार सामान दिखाने लगा.
दोनों के बीच बातचीत शुरू हुई. लेकिन दुकान के अंदर अगले कुछ मिनटों में जो हुआ, उसका पता व्यापारी को तब चला, जब वह शख्स वहां से जा चुका था. अब इस पूरी घटना का एक CCTV वीडियो सामने आया है. कैमरे में अघोरी के भेष में आया शख्स दुकान के काउंटर के सामने बैठा और व्यापारी से बातचीत करता दिखाई दे रहा है. वह हाथों से इशारे करता है, दुकानदार से बात करता है और काफी देर तक दुकान के अंदर मौजूद रहता है. फिर वह वहां से निकल जाता है.
यहां देखें Video
इसके बाद व्यापारी ने जो दावा किया, उसने पूरे सर्राफा बाजार में हलचल मचा दी. दुकानदार संतोष के मुताबिक, घटना बुधवार दोपहर करीब 12 बजे की है. उनके मुताबिक अघोरी के भेष में आया व्यक्ति दुकान पर पहुंचा और पायल दिखाने की बात कही. इसके बाद बातचीत आगे बढ़ी. संतोष का दावा है कि उस व्यक्ति ने उन्हें अपनी बातों में इस तरह उलझाया कि वह उसके कहे के मुताबिक काम करते चले गए. व्यापारी के मुताबिक उन्होंने खुद उस व्यक्ति को करीब 10 ग्राम सोना और 50 हजार रुपये की गड्डी दी थी.
व्यापारी के मुताबिक, उस शख्स ने गड्डी में से करीब 17 हजार रुपये निकाल लिए और बाकी रकम वापस कर दी. इसके बाद वह दुकान से बाहर निकल गया. कुछ देर बाद व्यापारी को पूरे घटनाक्रम का एहसास हुआ और उन्होंने सामान की जांच की. तब उन्हें पता चला कि करीब 10 ग्राम सोना भी गायब है. चोरी गए सोने की कीमत करीब डेढ़ लाख रुपये बताई जा रही है. नकदी समेत नुकसान की बात सामने आने के बाद व्यापारी ने पुलिस को सूचना दी. व्यापारी ने पुलिस को तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है. उनका कहना है कि उनकी प्राथमिकता चोरी गया सोना और सामान वापस पाना है.
'सम्मोहन' वाला ट्विस्ट कहां से आया?
घटना के बाद व्यापारी ने दावा किया कि बाबा ने उन्हें कुछ इस तरह भ्रमित किया कि उन्हें कुछ देर तक समझ ही नहीं आया कि उनके साथ क्या हो रहा है. इसी वजह से व्यापारी ने इसे सम्मोहन से जोड़कर देखा. लेकिन पुलिस की शुरुआती जांच इस दावे से अलग तस्वीर बता रही है.
सीओ मऊरानीपुर रत्नेश्वर सिंह के मुताबिक, अभी तक की जांच में ऐसा कोई तथ्य सामने नहीं आया है जिससे कहा जा सके कि किसी तरह के सम्मोहन का इस्तेमाल किया गया था. पुलिस का कहना है कि साधु के भेष में आया शख्स दुकानदार को अपनी बातों में उलझाकर उससे रुपए और सामान ले गया. यानी फिलहाल एक तरफ दुकानदार का दावा है कि उसे सम्मोहित या भ्रमित किया गया. दूसरी तरफ पुलिस इसे बातचीत और मनोवैज्ञानिक तरीके से फंसाने का मामला मानकर जांच कर रही है.
यह भी पढ़ें: जलती चिता, शव के साथ अमानवीय हरकत... उज्जैन में अघोरी काली को लेकर बड़े खुलासे, चौंका देगी कहानी!
पुलिस के हाथ घटना का CCTV फुटेज भी लगा है. इसमें साधु के भेष में नजर आ रहा व्यक्ति दुकान के अंदर दिखाई देता है. वह काउंटर के सामने बैठा है और व्यापारी से लगातार बातचीत कर रहा है. उसकी वेशभूषा भी सामान्य नहीं थी. गले में माला और माथे पर रंग-राख जैसी सज्जा दिखाई दे रही है. फुटेज में वह कभी हाथों से इशारे करता है तो कभी काउंटर की तरफ हाथ बढ़ाता नजर आता है. फिर कुछ देर बाद वह दुकान से बाहर निकल जाता है. पुलिस अब इसी फुटेज को एक अहम सुराग मानकर आरोपी की पहचान करने में जुटी है.
घटना की जानकारी मिलते ही सर्राफा बाजार के दूसरे व्यापारी भी दुकान पर पहुंचे. सर्राफा बाजार के पूर्व अध्यक्ष अनिल सोनी ने बताया कि घटना दोपहर करीब 12 से सवा 12 बजे के बीच की है. उनके मुताबिक, साधु के भेष में आया व्यक्ति व्यापारी को अपनी बातों में उलझाकर सोना और नकदी लेकर निकल गया. उन्होंने यह भी बताया कि व्यक्ति दुकान से निकलने के बाद स्वीट हाउस के पास पहुंचा और वहां से रिक्शे में बैठकर चला गया.
व्यापारियों का कहना है कि इन दिनों बाजार में भीड़ और मेले जैसा माहौल रहता है. ऐसे में बाहर से आने-जाने वाले लोगों की पहचान करना मुश्किल हो जाता है. उन्होंने पुलिस से बाजार में निगरानी और सुरक्षा बढ़ाने की मांग की है.
क्या ये अकेले की करतूत है?
पुलिस की जांच सिर्फ इस दुकान तक सीमित नहीं है. पुलिस के मुताबिक, शुरुआती जानकारी में यह बात भी सामने आई है कि साधु के भेष में दिखाई दे रहे व्यक्ति पर दूसरी जगहों पर भी इसी तरह की घटनाओं में शामिल होने का संदेह है. हालांकि इसकी पूरी पुष्टि जांच के बाद ही होगी. अब पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आरोपी अकेले काम करता है या उसके साथ कोई और भी है. वह मऊरानीपुर में कब आया, किस रास्ते से पहुंचा, दुकान से निकलने के बाद कहां गया और रिक्शे से आगे किस तरफ गया, इन तमाम सवालों के जवाब CCTV और दूसरी जानकारियों से तलाशे जा रहे हैं.
फिलहाल इस मामले में तीन चीजें सबसे ज्यादा चर्चा में हैं. पहली, अघोरी के भेष में दुकान तक पहुंचा शख्स. दूसरी, करीब 10 ग्राम सोना और नकदी का मामला. और तीसरी, सम्मोहन का वह दावा, जिसे दुकानदार ने अपने साथ हुई घटना से जोड़ा है, लेकिन पुलिस ने शुरुआती जांच में इससे इनकार किया है. CCTV ने उस शख्स को कैमरे में कैद कर लिया है. अब पुलिस उसी तस्वीर और फुटेज के सहारे उसके पीछे पड़ी है.
मऊरानीपुर के सर्राफा बाजार में कुछ मिनट की वह मुलाकात अब एक ऐसे सवाल में बदल गई है, जिसका जवाब पुलिस तलाश रही है. आखिर अघोरी के भेष में आया वो कौन था? उसने दुकानदार को अपनी बातों में कैसे उलझाया? सोना और कैश लेकर कहां गया? और क्या वह पहले भी इसी तरीके से किसी और को निशाना बना चुका है? इन सवालों के जवाब आरोपी की पहचान और पुलिस की आगे की जांच के बाद ही सामने आएंगे.
अजय झा