लखनऊ के पारा थाना क्षेत्र के बुद्धेश्वर इलाके में पशु पकड़ने गई नगर निगम की टीम और पुलिसकर्मियों पर हमला करने के मामले में पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है. इस मामले में पुलिस ने दो महिलाओं को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है, जबकि करीब एक दर्जन आरोपी अब भी फरार बताए जा रहे हैं. पुलिस की कई टीमें आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दे रही हैं. पुलिस टीम पर हमला करने वाले आरोपियों के अतीक कनेक्शन भी सामने आया है. हालांकि इस कनेक्शन की पुलिस अभी जांच कर रही है.
जानकारी के मुताबिक नगर निगम की टीम सोमवार को बुद्धेश्वर इलाके में अवैध दूध डेरियों और वहां फैली गंदगी की शिकायत के बाद जांच और पशु पकड़ने की कार्रवाई के लिए पहुंची थी. टीम ने जैसे ही पशुओं को पकड़ना शुरू किया, डेरियों से जुड़े लोगों ने इसका विरोध कर दिया. देखते ही देखते विवाद बढ़ गया और आरोपियों ने नगर निगम कर्मचारियों और पुलिस टीम को घेरकर पथराव शुरू कर दिया.
हमले के दौरान कई सरकारी वाहनों को निशाना बनाया गया. पथराव में चार सरकारी वाहनों के शीशे टूट गए. हमले में नगर निगम कर्मचारियों के साथ बुद्धेश्वर चौकी प्रभारी विनय पटेल भी घायल हुए. आरोप है कि हमलावरों ने पुलिसकर्मियों के साथ मारपीट की और उन्हें जंजीर से बांधकर पीटने की कोशिश की. इस दौरान मौके पर काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा.
पुलिस ने 2 महिलाओं को किया गिरफ्तार, अन्य की तलाश जारी
हालांकि, भारी विरोध के बावजूद नगर निगम की टीम ने कार्रवाई जारी रखी और मौके से 18 भैंसों को पकड़ लिया. घटना के बाद नगर निगम अधिकारी और चौकी प्रभारी की तहरीर पर दो अलग-अलग मुकदमे दर्ज किए गए. पुलिस ने कार्रवाई करते हुए खुशबून और आफरीन को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया.
अब पुलिस पथराव और हमले में शामिल अन्य आरोपियों की पहचान करने में जुटी है. फरार आरोपियों के संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है. वहीं, मामले में आरोपियों के कथित माफिया कनेक्शन की बात भी सामने आई है. अतीक अहमद से संबंध होने के दावे की फिलहाल आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है. पुलिस जांच में यदि ऐसे किसी कनेक्शन के प्रमाण सामने आते हैं तो उसके आधार पर आगे कार्रवाई की जाएगी. प्रशासन की ओर से आरोपियों की संपत्तियों और कथित अवैध निर्माण की भी जांच की जा रही है.
आशीष श्रीवास्तव