उत्तर प्रदेश के महोबा जिले में अतिवृष्टि से बर्बाद हुई फसलों के सर्वे के नाम पर अवैध वसूली करने वाले प्राइवेट कंपनी के दो सर्वेयरों को महिला किसानों ने अनोखे तरीके से सबक सिखाया. किसानों से दो लाख रुपये ऐंठने के बाद ग्रामीणों ने दोनों आरोपियों को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया. आइए जानते हैं पूरा मामला...
चरखारी विधानसभा के नटर्रा गांव का मामला
नटर्रा गांव में हाल ही में हुई मूसलाधार बारिश से किसानों की फसलें तबाह हो गई थीं. प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत नुकसान दर्ज कराने आए इफको टोक्यो से अनुबंधित प्राइवेट एजेंसी ग्लोबल अर्क के दो सर्वेयरों ने किसानों से अधिक बीमा राशि दिलाने का लालच देकर एक हजार से पांच हजार रुपये तक की अवैध वसूली की. भोले-भाले किसानों से करीब दो लाख रुपये नकद और ऑनलाइन माध्यम से ऐंठ लिए गए.
महिलाओं का अनोखा विरोध
जब जागरूक ग्रामीणों और ग्राम प्रधान प्रतिनिधि रविन्द्र राजपूत को इस ठगी की जानकारी मिली, तो उन्होंने दोनों सर्वेयरों को रंगे हाथों पकड़ लिया. पूछताछ में आरोपियों ने पैसे वसूलने की बात कबूल कर ली. इसके बाद विधायक प्रतिनिधि सूरज पांडे समर्थकों के साथ मौके पर पहुंचे. आक्रोशित महिला किसानों ने दोनों सर्वेयरों को चूड़ी, पेटीकोट, ब्लाउज पहनाया, लाली-बिंदी लगाई और गले में जूतों की माला डालकर पूरे गांव में उनका जुलूस निकाला.
पुलिस हिरासत में आरोपी
हंगामे की सूचना मिलने पर कृषि अधिकारी राम सजीवन भी मौके पर पहुंचे. ग्रामीणों ने लिखित तहरीर देकर आरोपियों पर सख्त कानूनी कार्रवाई और ठगे गए पैसों की वापसी की मांग की है. कृषि अधिकारी ने मामले की जानकारी जिलाधिकारी को देकर सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया है. फिलहाल दोनों आरोपी पुलिस हिरासत में हैं और इस अनोखे विरोध प्रदर्शन की चर्चा पूरे इलाके में जोरों पर है.
नाहिद अंसारी