उत्तर प्रदेश के देवरिया में कथित धर्म परिवर्तन का मामला सामने आने के बाद पुलिस ने तीन लोगों को गिरफ्तार किया है. आरोप है कि श्रीरामपुर थाना क्षेत्र के बलिवन खास गांव में टेंट लगाकर बड़ी संख्या में गरीब और अशिक्षित लोगों को जुटाया गया था. यहां उन्हें ईसा मसीह की चमत्कारिक शक्तियों का हवाला देकर और पैसे का लालच देकर ईसाई धर्म अपनाने के लिए प्रेरित किया जा रहा था. गांव के लोगों की शिकायत के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की.
टेंट में जुटाए गए थे बड़ी संख्या में लोग
पुलिस के अनुसार 27 सितंबर को ग्रामीणों ने सूचना दी थी कि बलिवन खास गांव में एक टेंट लगाया गया है, जहां बड़ी संख्या में भोले-भाले और अशिक्षित लोगों को इकट्ठा किया गया है. शिकायत में आरोप लगाया गया कि लोगों को बहला-फुसलाकर और लालच देकर धर्म परिवर्तन के लिए तैयार किया जा रहा था. सूचना मिलने के बाद श्रीरामपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की.
बिहार के दो और देवरिया का एक आरोपी
इस मामले में पुलिस ने तीन लोगों को गिरफ्तार किया है. आरोपियों की पहचान बलिवन खास निवासी रामकुंवर पुत्र बीरा, बिहार के पश्चिम चंपारण निवासी अनिल गौड़ पुत्र भवन गौड़ और गोपालगंज निवासी सुरेश राम पुत्र जुन्बली के रूप में हुई है. पुलिस ने तीनों के खिलाफ उत्तर प्रदेश विधि विरुद्ध धर्म संपरिवर्तन प्रतिषेध अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया है.
कोर्ट से रिमांड, तीनों जेल भेजे गए
भाटपाररानी के सीओ मनोज कुमार यादव ने बताया कि ग्रामीणों की शिकायत पर पुलिस ने कार्रवाई की. तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से रिमांड प्राप्त करने के बाद उन्हें जिला कारागार भेज दिया गया. पुलिस मामले की आगे जांच कर रही है.
अधिकारी के मुताबिक फिलहाल गांव में कानून-व्यवस्था की स्थिति सामान्य है. पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि इस कथित गतिविधि में और कौन-कौन लोग शामिल थे और वहां मौजूद लोगों को धर्म परिवर्तन के लिए किस तरह का प्रलोभन दिया जा रहा था.
राम प्रताप सिंह