पश्चिम बंगाल की शुभेंदु सरकार का मंत्रिमंडल विस्तार 1 जून (सोमवार) को संपन्न हुआ. राजभवन में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह में राज्यपाल आरएन रवि की मौजूदगी में कुल 35 मंत्रियों ने पद और गोपनीयता की शपथ ली. इस दौरान मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी समेत भाजपा के कई वरिष्ठ नेता और पार्टी पदाधिकारी मौजूद रहे.
नबन्ना में आयोजित समारोह की शुरुआत कैबिनेट मंत्रियों के शपथ ग्रहण से हुई. सबसे पहले 7 विधायकों को कैबिनेट मंत्री के रूप में शपथ दिलाई गई. इसके बाद तीन विधायकों ने राज्य मंत्री के तौर पर शपथ ली, जबकि अंत में 19 विधायकों ने राज्य मंत्री के तौर पर शपथ ग्रहण किया.
टीम इंडिया के पूर्व तेज गेंदबाज अशोक डिंडा भी बंगाल सरकार में मंत्री बने हैं. उन्होंने राज्य मंत्री के तौर पर पद और गोपनीयता की शपथ ली. डिंडा ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) के टिकट पर हालिया विधानसभा चुनाव में मोयना सीट से धमाकेदार जीत हासिल की थी. डिंडा ने अपने निकटमतम प्रतिद्वंद्वी अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस (AITC) के चंदन मंडल को 16241 मतों से हराया था.
यह लगातार दूसरी बार है जब अशोक डिंडा ने मोयना सीट पर जीत दर्ज की है. इससे पहले 2021 के विधानसभा चुनाव में 42 वर्षीय डिंडा ने तृणमूल कांग्रेस के संग्राम डोलुई को बेहद करीबी मुकाबले में 1260 वोटों से हराया था. क्रिकेट के बाद राजनीति में उनकी यह जीत भाजपा के लिए भी बड़ा संदेश मानी गई थी.
अशोक डिंडा का क्रिकेट करियर भी काफी चर्चित रहा है. उन्होंने दिसंबर 2009 में श्रीलंका के खिलाफ भारत के लिए इंटरनेशनल डेब्यू किया था. दाएं हाथ के तेज गेंदबाज डिंडा ने भारत के लिए 13 वनडे और 9 टी20 इंटरनेशनल मुकाबले खेले. वनडे इंटरनेशनल में उन्होंने 12 विकेट लिए, जबकि टी20 इंटरनेशनल में उनके नाम 17 विकेट दर्ज हैं.
IPL में इन टीमों के लिए खेले
घरेलू क्रिकेट में बंगाल के लिए अशोक डिंडा का योगदान बेहद अहम रहा. वहीं इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) में भी उन्होंने अपनी अलग पहचान बनाई. डिंडा ने IPL में कुल 78 मैच खेलते हुए 69 विकेट झटके. इस दौरान वह कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR), दिल्ली कैपिटल्स (DC), पुणे वॉरियर्स इंडिया (PWI), रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) और राइजिंग पुणे सुपरजायंट्स (RPS) जैसी टीमों का हिस्सा रहे.
क्रिकेट से संन्यास लेने के बाद अशोक डिंडा ने फरवरी 2021 में भारतीय जनता पार्टी का दामन थामा था. इसके बाद उन्होंने राजनीति में तेजी से अपनी पहचान बनाई और अब मंत्री पद तक पहुंचकर यह साबित कर दिया कि वह सिर्फ क्रिकेट मैदान पर ही नहीं, राजनीति की पिच पर भी लंबी पारी खेलने के लिए तैयार हैं.
आजतक स्पोर्ट्स डेस्क