दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर का 75 साल की उम्र में गुरुवार (8 अक्टूबर) को निधन हो गया. गोवा स्थित उनके घर पर उन्हें चेस्ट पेन (कार्डियक अरेस्ट) हुआ था.
बेहोशी की हालत में उन्हें मणिपाल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने करीब 45 मिनट तक CPR देकर उन्हें बचाने की कोशिश की. सुबह 5:20 बजे उन्हें मृत घोषित कर दिया गया. उनके बेटे मल्हार पाटेकर ने भी निधन की पुष्टि की है.
नाना पाटेकर के निधन के बाद उनका करीब एक साल पुराना भारत-पाकिस्तान क्रिकेट को लेकर दिया बयान भी चर्चा में है. 14 सितंबर 2025 को पुणे में एक कार्यक्रम के दौरान उन्होंने भारत-पाकिस्तान एशिया कप मुकाबले पर अपनी राय रखी थी. उन्होंने कहा था कि उनकी व्यक्तिगत राय में भारत को पाकिस्तान के खिलाफ नहीं खेलना चाहिए. नाना ने कहा था- जब हमारे लोगों का खून उनके हाथों बहा है, तो हम उनके साथ क्यों खेलें?
नाना ने तब कहा था- असल में, मुझे ऐसे मामलों पर बात नहीं करनी चाहिए, फिर भी, मेरी पर्सनल राय है कि भारतीय क्रिकेट टीम को नहीं खेलना चाहिए, मुझे लगता है कि जब हमारे लोगों का खून उन्होंने बहाया है, तो हम उनके साथ क्यों खेलें?
तब यह मुकाबला पहलगाम आतंकी हमले और ऑपरेशन सिंदूर के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच पहला इंटरनेशनल क्रिकेट मैच था. उस समय कई लोगों ने मैच के बहिष्कार की मांग की थी. वहीं अभिनेता सुनील शेट्टी ने क्रिकेटरों का बचाव करते हुए कहा था कि खिलाड़ी नियमों से बंधे हैं और उन्हें मैच खेलने के लिए दोषी नहीं ठहराया जा सकता. उन्होंने इसे व्यक्तिगत फैसला बताया था कि कोई मैच देखना चाहता है या नहीं.
बहरहाल, नाना पाटेकर के निधन के 75 साल में निधन के बाद उनका यह बयान फिर चर्चा में हैं. नाना पाटेकर खुद क्रिकेट के काफी शौकीन थे और बचपन में ऑफ स्पिन गेंदबाजी किया करते थे, उन्होंने एक बार यह भी कहा था कि विराट कोहली उनके पसंदीदा क्रिकेटर थे और उनके आउट होने पर वो खाना छोड़ देते थे.
आजतक स्पोर्ट्स डेस्क