Shardiya Navratri 2026: आज नवरात्र के पहले दिन 7 राशियों को मिल सकता है लाभ, बन रहे हैं 4 शुभ योग

Shardiya Navratri 2026: नवरात्र 2026 के पहले दिन जानें किन 7 राशियों को मिल सकता है लाभ. ग्रहों के शुभ योग, नौकरी, कारोबार, धन और पारिवारिक जीवन पर इनके संभावित प्रभाव के बारे में पढ़ें.

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शारदीय नवरात्र 2026 (Photo: ITG) शारदीय नवरात्र 2026 (Photo: ITG)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 11 अक्टूबर 2026,
  • अपडेटेड 7:41 AM IST

आज 11 अक्टूबर 2026 से शारदीय नवरात्र की शुरुआत हो रही है.  मां दुर्गा की आराधना के इस पावन पर्व पर ज्योतिषीय दृष्टि से ग्रहों की चाल और शुभ योगों को महत्वपूर्ण माना जाता है.  ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार, आज कुछ राशियों के जातकों को नौकरी, कारोबार, आर्थिक मामलों और पारिवारिक जीवन में अच्छे अवसर मिल सकते हैं.  मेष, मिथुन, कर्क, सिंह, तुला, धनु और कुंभ राशि के जातकों के लिए दिन अनुकूल रहने की संभावना जताई जा रही है. 

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नवरात्र के पहले दिन घटस्थापना के साथ मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की पूजा शुरू होती है.  इस दौरान कई लोग व्रत रखते हैं और सुख-समृद्धि की कामना करते हैं.  ग्रहों के शुभ संयोगों को भी इस पर्व से जोड़कर देखा जाता है.  आइए जानते हैं कि आज किन राशियों को लाभ मिल सकता है और कौन से ज्योतिषीय योग चर्चा में हैं. 

आज नवरात्र पर बन रहे हैं ये शुभ योग
ज्योतिषीय गणना के अनुसार, बुधादित्य राजयोग, गुरु-मंगल योग और द्विपुष्कर योग को शुभ माना जाता है.  बुध और शुक्र की युति को भी ज्योतिष में विशेष महत्व दिया जाता है.  हालांकि, इन योगों की वास्तविक स्थिति और आज की तिथि के अनुसार उनकी पुष्टि पंचांग से करना जरूरी है. 

बुधादित्य राजयोग: सूर्य और बुध की युति से बुधादित्य राजयोग बनता है.  ज्योतिषीय मान्यताओं में इसे बुद्धि, निर्णय लेने की क्षमता, मान-सम्मान और कार्यक्षेत्र में प्रगति से जोड़कर देखा जाता है. 

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गुरु-मंगल योग: गुरु और मंगल की युति से बनने वाले इस योग को ज्ञान, साहस, ऊर्जा और काम करने की क्षमता का प्रतीक माना जाता है.  मान्यता है कि यह नई योजनाओं को आगे बढ़ाने और लक्ष्य हासिल करने के प्रयासों के लिए अनुकूल हो सकता है. 

द्विपुष्कर योग: ज्योतिष में द्विपुष्कर योग को कुछ विशेष कार्यों के लिए शुभ माना जाता है.  मान्यता है कि इस योग में किए गए कुछ कार्यों का फल दोबारा प्राप्त हो सकता है.  हालांकि, किसी भी शुभ कार्य के लिए मुहूर्त तय करते समय पंचांग की अन्य स्थितियों को भी देखना चाहिए. 

बुध-शुक्र की युति: बुध को बुद्धि, वाणी और संवाद का कारक माना जाता है, जबकि शुक्र का संबंध सुख-सुविधाओं, कला और वैभव से जोड़ा जाता है.  ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार, इन दोनों ग्रहों की युति रचनात्मक कार्यों और व्यावसायिक गतिविधियों के लिए महत्वपूर्ण मानी जाती है. 

मेष राशि
मेष राशि के जातकों के लिए आज का दिन उत्साह बढ़ाने वाला हो सकता है.  कार्यक्षेत्र में रुके हुए काम आगे बढ़ने की संभावना है.  नौकरी करने वालों को नई जिम्मेदारी मिल सकती है या पुराने प्रयासों का सकारात्मक परिणाम सामने आ सकता है. 

मिथुन राशि
मिथुन राशि वालों के लिए आज का दिन कारोबार और आर्थिक मामलों में अनुकूल रह सकता है.  व्यापार को आगे बढ़ाने के लिए नई योजनाएं बनाने का अवसर मिल सकता है.  सहकर्मियों और व्यावसायिक संपर्कों से मदद मिलने की संभावना है.  

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कर्क राशि
कर्क राशि के जातकों को आज कामकाज में सहयोग मिल सकता है.  कारोबार में साझेदार के साथ तालमेल बेहतर रहने की उम्मीद है.  किसी पुराने मामले में प्रगति हो सकती है.  परिवार के सदस्यों के साथ समय बिताने से मन प्रसन्न रह सकता है.  

सिंह राशि
सिंह राशि वालों के लिए नवरात्रि का पहला दिन सकारात्मक रह सकता है.  परिवार में सुखद माहौल रहने की संभावना है.  विद्यार्थियों को पढ़ाई में मेहनत का लाभ मिल सकता है. 

तुला राशि
तुला राशि के जातकों के लिए आज नए अवसर सामने आ सकते हैं.  नौकरी बदलने या कारोबार का विस्तार करने की योजना बना रहे लोगों को नई संभावनाओं पर विचार करने का मौका मिल सकता है. 

धनु राशि

धनु राशि वालों के लिए आज कार्यक्षेत्र में आगे बढ़ने के अवसर मिल सकते हैं.  नौकरी में नई जिम्मेदारी मिलने की संभावना है.  कारोबार करने वालों को अपनी योजनाओं पर काम करने का मौका मिल सकता है.  

कुंभ राशि
कुंभ राशि के जातकों के लिए आज का दिन उम्मीदों से भरा रह सकता है.  आर्थिक मामलों में सुधार के अवसर मिल सकते हैं.  कामकाज में आ रही परेशानियों को सुलझाने में सफलता मिलने की संभावना है.  


नवरात्र में मां दुर्गा की पूजा का महत्व
शारदीय नवरात्र में मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की पूजा की जाती है.  पहले दिन मां शैलपुत्री की आराधना का विधान है.  श्रद्धालु अपनी परंपरा के अनुसार घटस्थापना करते हैं, पूजा-पाठ करते हैं और व्रत रखते हैं.  धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, नवरात्रि का पर्व शक्ति, भक्ति और सकारात्मक संकल्प का प्रतीक है

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