नीट पेपर लीक के खिलाफ कॉकरोच जनता पार्टी का जो आंदोलन 36 दिन पहले शुरू हुआ था, वो शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के साथ खत्म हो गया. जंतर-मंतर पर जब प्रदर्शनकारी जश्न मना रहे थे तो उसमें लोकतंत्र की ताकत दिखाई दी. आखिर ये घटना भारतीय लोकतंत्र के लिए क्यों एक टर्निंग प्वाइंट साबित हो सकती है? देखें ब्लैक एंड व्हाइट.