भोजशाला विवाद में सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पहला इम्तिहान, कड़ी सुरक्षा के बीच सर्वे नंबर 612 पर अदा हुई जुमे की नमाज

मध्य प्रदेश के धार में भोजशाला विवाद को लेकर सुप्रीम कोर्ट के अंतरिम आदेश के बाद शुक्रवार को पहली बार सर्वे नंबर 612 पर जुमे की नमाज अदा की गई. करीब 150 लोगों ने कड़ी सुरक्षा व्यवस्था और तेज बारिश के बीच नमाज पढ़ी. पूरे कार्यक्रम के दौरान कानून-व्यवस्था सामान्य रही. शांतिपूर्ण आयोजन के बाद जिला प्रशासन ने राहत की सांस ली.

Advertisement
सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद पहली जुमे की नमाज. (Photo: Screengrab) सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद पहली जुमे की नमाज. (Photo: Screengrab)

रवीश पाल सिंह

  • धार,
  • 31 जुलाई 2026,
  • अपडेटेड 9:28 PM IST

मध्य प्रदेश के धार स्थित ऐतिहासिक भोजशाला विवाद में सुप्रीम कोर्ट के अंतरिम आदेश के बाद शुक्रवार को नई व्यवस्था के तहत पहली बार जुमे की नमाज अदा कराई गई. जिला प्रशासन ने मुस्लिम समाज के लिए सर्वे नंबर 612 पर नमाज की व्यवस्था की थी. तय समय के अनुसार दोपहर 1 बजे से 3 बजे तक नमाज का समय रखा गया था. दोपहर करीब 2:30 बजे 150 से अधिक लोग मौके पर पहुंचे और तेज बारिश के बीच शांतिपूर्ण ढंग से नमाज अदा की. पूरे कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे. नमाज शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न होने के बाद प्रशासन ने राहत की सांस ली.

Advertisement

जुमे की नमाज से पहले जिला प्रशासन और मुस्लिम समाज के प्रतिनिधियों के बीच बैठक भी हुई. बैठक में सुप्रीम कोर्ट के अंतरिम आदेश के पालन और नमाज की व्यवस्था को लेकर चर्चा की गई. इसके बाद प्रशासन ने तय स्थान पर सभी जरूरी व्यवस्थाएं सुनिश्चित कीं. मुस्लिम पक्ष की ओर से कमाल मौला वेलफेयर सोसायटी के सदस्य अब्दुल समद ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट ने उनकी दलीलें सुनने के बाद कमाल मौला मस्जिद से सटे सर्वे नंबर 611, 612 और 596 पर नमाज की व्यवस्था करने के निर्देश दिए थे. उन्होंने कहा कि आपसी सौहार्द बनाए रखने और किसी की धार्मिक भावनाओं को ठेस न पहुंचे, इसलिए मुस्लिम समाज ने मुख्य रूप से बताए गए सर्वे नंबर 611 के बजाय सर्वे नंबर 612 पर नमाज अदा करने का निर्णय लिया.

800 से 900 पुलिसकर्मियों की रही तैनाती

Advertisement

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विजय डावर ने बताया कि गुरुवार शाम से ही मुस्लिम समुदाय के साथ लगातार चर्चा चल रही थी. प्रशासन ने तय स्थान पर शांतिपूर्ण तरीके से नमाज संपन्न कराई. इसके लिए करीब 800 से 900 पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई थी. सुरक्षा व्यवस्था में एसटीएफ के जवान भी शामिल रहे. भोजशाला परिसर और आसपास के क्षेत्रों में बैरिकेडिंग की गई थी. वहीं शहर के संवेदनशील इलाकों में सीसीटीवी कैमरों और सर्विलांस टीमों के जरिए लगातार निगरानी रखी गई. एसडीएम राजकुमार हलधर ने बताया कि प्रशासन ने पूरी तैयारी के साथ व्यवस्था की थी. उनके अनुसार करीब 150 लोगों ने सर्वे नंबर 612 पर शांतिपूर्ण तरीके से नमाज अदा की. पूरे कार्यक्रम के दौरान कहीं भी कानून-व्यवस्था की कोई समस्या सामने नहीं आई और सभी व्यवस्थाएं सामान्य रहीं.

सुप्रीम कोर्ट के अंतरिम आदेश के बाद शुक्रवार की नमाज को लेकर प्रशासन पहले से ही सतर्क था. इसकी वजह यह थी कि सर्वे नंबर 611 और 612 पर नमाज कराने के आदेश के बाद स्थानीय निवासियों ने आपत्ति जताई थी. उनका कहना था कि संबंधित जमीन उनकी पुश्तैनी संपत्ति है और वहां खेती की जाती है. उन्होंने यह भी कहा था कि उन्होंने जमीन पर फसल बो रखी है और उसी से उनके परिवार का पालन-पोषण होता है. स्थानीय लोगों ने पहले ही स्पष्ट किया था कि वे उस जमीन पर नमाज नहीं होने देंगे.

Advertisement

शांतिपूर्ण आयोजन के बाद प्रशासन ने ली राहत की सांस

हालांकि शुक्रवार को प्रशासन की तैयारियों और सुरक्षा व्यवस्था के बीच पूरा कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ. तेज बारिश के बावजूद लोग तय स्थान पर पहुंचे और नमाज अदा की. कार्यक्रम समाप्त होने के बाद किसी भी तरह की अप्रिय घटना सामने नहीं आई. इसके बाद जिला प्रशासन ने राहत की सांस ली और कहा कि पूरे आयोजन के दौरान कानून-व्यवस्था पूरी तरह नियंत्रण में रही.
 

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »