Best Quilt for Winter: सर्दियों का मौसम आते ही घरों में गर्म कपड़ों के साथ रजाई और कंबल निकालने की तैयारी शुरू हो जाती है. अगर आप भी इस बार नई रजाई खरीदने की सोच रहे हैं, तो बाजार में मिलने वाले अलग-अलग विकल्पों को देखकर उलझन हो सकती है. खासकर कॉटन और फाइबर की रजाई में से कौन-सी बेहतर है, यह तय करना थोड़ा मुश्किल हो जाता है.
कई लोगों को लगता है कि मोटी रजाई ज्यादा गर्म होती है, लेकिन ऐसा जरूरी नहीं है. रजाई की गर्माहट उसके अंदर भरी सामग्री, वजन और बनावट पर निर्भर करती है. ऐसे में खरीदारी से पहले कॉटन और फाइबर रजाई के बीच का फर्क समझना जरूरी है.
कॉटन की रजाई क्यों खरीदें?
कॉटन यानी रूई की रजाई लंबे समय से भारतीय घरों में इस्तेमाल की जाती रही है. इसमें प्राकृतिक रूई भरी होती है, जो शरीर की गर्माहट को बनाए रखने में मदद करती है. इसकी खास बात यह है कि यह ठंड से बचाने के साथ आरामदायक भी होती है.
फायदे:
कमियां:
फाइबर की रजाई के क्या हैं फायदे?
फाइबर की रजाई में आमतौर पर सिंथेटिक पॉलिएस्टर फाइबर का इस्तेमाल किया जाता है. यह कॉटन की रजाई के मुकाबले हल्की होती है. इसे उठाना, बिछाना और संभालना भी आसान होता है. आजकल बाजार में अलग-अलग मोटाई और डिजाइन में फाइबर की रजाइयां मिल जाती हैं.
फायदे:
फाइबर की रजाई वजन में हल्की होती है, इसे इस्तेमाल करना और संभालना आसान है. कई फाइबर रजाइयों को वॉशिंग मशीन में धोया जा सकता है, हालांकि इसके लिए लेबल पर दिए निर्देश जरूर देखें. यह अलग-अलग बजट और डिजाइन में मौजूद होती है. कुछ अच्छी क्वालिटी की फाइबर रजाइयां कम वजन में भी अच्छी गर्माहट देती हैं.
कमियां:
सस्ती क्वालिटी की फाइबर रजाई जल्दी अपनी फुलावट खो सकती है. कुछ लोगों को सिंथेटिक फाइबर की बनावट पसंद नहीं आती. इसकी गर्माहट फाइबर की क्वालिटी और भराव पर निर्भर करती है.
कॉटन और फाइबर में कौन-सी रजाई ज्यादा गर्म होती है?
इसका जवाब पूरी तरह रजाई की क्वालिटी और उसमें भरे गए मटेरियल पर डिपेंड करता है. अच्छी क्वालिटी की मोटी कॉटन रजाई कड़ाके की ठंड में अच्छा ऑप्शन हो सकती है. वहीं अच्छी भरावट वाली फाइबर रजाई भी पर्याप्त गर्माहट दे सकती है. अगर आपके इलाके में बहुत ज्यादा ठंड पड़ती है और आपको भारी रजाई पसंद है, तो कॉटन की रजाई चुन सकते हैं. वहीं अगर आप हल्की, आसानी से संभाली जाने वाली और कम मेहनत में साफ होने वाली रजाई चाहते हैं, तो फाइबर का ऑप्शन बेहतर हो सकता है.
रजाई खरीदते समय इन बातों का रखें ध्यान
मौसम के हिसाब से चुनें: हल्की ठंड के लिए बहुत मोटी रजाई खरीदने की जरूरत नहीं है. ज्यादा ठंड वाले इलाकों के लिए अच्छी भरावट वाली गर्म रजाई लें.
वजन जरूर देखें: रजाई खरीदते समय उसे उठाकर देखें. बहुत भारी रजाई कुछ लोगों के लिए अनकंफर्टेबल हो सकती है.
सिलाई की जांच करें: रजाई की सिलाई मजबूत होनी चाहिए, ताकि उसके अंदर भरी रूई या फाइबर एक जगह इकट्ठा न हो.
धुलाई के निर्देश पढ़ें: खरीदने से पहले पता करें कि रजाई को घर पर धो सकते हैं या ड्राई क्लीन कराना पड़ेगा.
साइज का रखें ध्यान: सिंगल बेड, डबल बेड या किंग साइज के हिसाब से रजाई खरीदें, ताकि सोते समय शरीर ठीक से ढका रहे.
आपकी जरूरत के हिसाब से कौन-सी रजाई है बेहतर?
अगर आपको पारंपरिक, प्राकृतिक और भारी रजाई पसंद है, तो कॉटन का विकल्प चुन सकते हैं. वहीं अगर आपकी प्रायोरिटी हल्का वजन, आसान रखरखाव और कंफर्टेबल इस्तेमाल है, तो फाइबर की रजाई खरीदना अच्छा रहेगा. खरीदारी करते समय सिर्फ कीमत या मोटाई न देखें, बल्कि उसकी क्वालिटी, गर्माहट और देखभाल की जरूरत को भी समझें.
आजतक लाइफस्टाइल डेस्क