उत्तराखंड के देहरादून में सामने आए ट्रिपल तलाक के मामले में अब नया ट्विस्ट आया है. पटेलनगर की एक मुस्लिम महिला ने अपने पति पर पहले तीन तलाक देने, मारपीट करने के बाद दोबारा साथ रखने के लिए कथित तौर पर हलाला की शर्त रखने का आरोप लगाया है. महिला का कहना है कि 'पति ने उससे कहा कि बहनोई के साथ हलाला की प्रक्रिया से गुजरने के बाद ही वह उसे दोबारा अपने साथ रखेगा'. शिकायत पर पुलिस ने केस दर्ज कर आरोपी पति फरमान को गिरफ्तार कर लिया है.
महिला के मुताबिक, उसकी शादी करीब ढाई साल पहले बिजनौर के किरतपुर थाना क्षेत्र के इस्लामपुर साहनी निवासी फरमान पुत्र जबर से हुई थी. शादी के बाद पति उसे देहरादून ले आया. दोनों यहां किराए के मकान में रहने लगे.
करीब चार महीने पहले दिया तीन तलाक
पीड़िता का आरोप है कि करीब चार महीने पहले उसके पति ने उसे तीन तलाक दे दिया था. उस समय पति की बहन भी वहां मौजूद थी. इसके बाद महिला अपने मायके चली गई. महिला का कहना है कि वह अपना वैवाहिक जीवन बचाना चाहती थी. इसी वजह से उसने पति के साथ दोबारा रहने की कोशिश की. 14 जुलाई को वह पति के गांव स्थित घर पहुंची. वहां उसने पति और ससुराल वालों से उसे दोबारा साथ रखने की गुहार लगाई.
पीड़िता का आरोप है कि इस दौरान ससुराल वालों ने उसके साथ मारपीट की. इसके बाद उसे घर से बाहर निकाल दिया गया. ऐसे में महिला वापस देहरादून अपनी बहनों के पास आ गई.
पति देहरादून आया, फिर रखी ये शर्त
महिला के मुताबिक, कुछ वक्त बाद उसका पति देहरादून पहुंचा और माफी मांगते हुए दोबारा साथ रहने की बात कही. लेकिन इसके साथ ही उसने एक ऐसी शर्त रख दी, जिससे महिला के पैरों तले जमीन खिसक गई.
पीड़िता का आरोप है कि पति ने साफ कह दिया कि दोबारा साथ रहने से पहले उसे अपने बहनोई के साथ हलाला की प्रक्रिया से गुजरना होगा. महिला ने इस घिनौनी शर्त का कड़ा विरोध किया. उसका कहना है कि इस बात को लेकर उस पर लगातार मानसिक दबाव बनाया जा रहा था. परेशान होकर महिला ने पुलिस में लिखित शिकायत दी और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई. उसने अपनी सुरक्षा की गुहार लगाने के साथ ही पति द्वारा भेजे गए मोबाइल संदेशों और अन्य सबूतों को भी पुलिस को सौंपकर उनकी गहनता से जांच करने का अनुरोध किया है.
पति समेत ससुराल वालों पर केस
महिला की शिकायत के आधार पर पटेलनगर पुलिस ने फरमान और उसके परिजनों के खिलाफ केस दर्ज किया है. पुलिस ने BNS की धारा 115(2), 85 और मुस्लिम विवाह प्रतिषेध अधिनियम की धारा 3/4 के तहत मुकदमा दर्ज किया है. केस दर्ज होने के बाद आरोपी की गिरफ्तारी के लिए टीम बनाई गई. इसके बाद फरमान को गिरफ्तार कर लिया गया.
सीओ सदर अंकित कंडारी ने आज तक को बताया कि महिला की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज किया गया है. मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी की गिरफ्तारी की गई है. प्रकरण में जरूरी कानूनी कार्रवाई की जा रही है.
फिलहाल पुलिस महिला की ओर से लगाए गए आरोपों की जांच कर रही है. मामले से जुड़े सबूत जुटाए जा रहे हैं. साथ ही दूसरे आरोपियों की भूमिका भी देखी जा रही है. जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले की तस्वीर साफ होगी.
सागर शर्मा