पंजाब में शिरोमणि अकाली दल के वरिष्ठ नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति मामले में बड़ी कार्रवाई हुई है. पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने बुधवार को मोहाली की विशेष अदालत में करीब 40 हजार पन्नों की चार्जशीट दाखिल की. आम आदमी पार्टी के पंजाब महासचिव बलतेज सिंह पन्नू ने इसकी जानकारी दी.
बलतेज सिंह पन्नू के मुताबिक, यह चार्जशीट एफआईआर नंबर 22 के संबंध में दाखिल की गई है. यह एफआईआर 25 जून 2025 को पंजाब विजिलेंस ब्यूरो के फ्लाइंग स्क्वॉड थाने में दर्ज की गई थी. इसमें मजीठिया के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 13(1)(e) और 13(2) के साथ भारतीय दंड संहिता की धारा 120-B लगाई गई है.
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2007 से 2017 के बीच की संपत्ति की जांच
यह मामला 2 मार्च 2007 से 21 मार्च 2017 के बीच की अवधि से जुड़ा है. जांच का केंद्र मजीठिया की ज्ञात आय के स्रोतों के मुकाबले अधिक संपत्ति जमा करने के आरोप हैं. चार्जशीट में मजीठिया और उनसे जुड़े लोगों के वित्तीय लेन-देन, बैंक खातों और संपत्तियों से जुड़े सबूत शामिल बताए जा रहे हैं.
AAP ने ड्रग्स को लेकर भी लगाए आरोप
आम आदमी पार्टी ने दावा किया है कि मजीठिया ने नशे के 736 करोड़ रुपये अपनी कंपनियों के बैंक खातों में जमा कराए थे. पार्टी ने आरोप लगाया कि मजीठिया अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्करों के साथ मिले हुए थे.
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AAP ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को लेकर भी आरोप लगाया कि वह मजीठिया के साथ मिलकर पंजाब में गुजरात से लाई गई ड्रग्स बेचना चाहते हैं. ये आरोप आम आदमी पार्टी की ओर से लगाए गए हैं.
करीब 40 हजार पन्नों की चार्जशीट दाखिल होने के बाद अब अदालत में मामले की आगे की कार्यवाही अहम होगी. फिलहाल चार्जशीट में शामिल सबूतों और अगली सुनवाई से जुड़ी विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है. मजीठिया पर लगे आरोपों पर अंतिम फैसला अदालत की प्रक्रिया के बाद होगा.
चार्जशीट पर क्या बोले बिक्रम सिंह मजीठिया?
शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम मजीठिया ने आय से अधिक संपत्ति के मामले में दाखिल सप्लीमेंट्री चार्जशीट को लेकर पंजाब सरकार पर निशाना साधा है. उन्होंने कहा कि उनके खिलाफ कहानी गढ़ने में सरकार को एक साल लग गया और यह सब परविंदर झोटा मामले और मानसा के हालिया दलजीत सिंह मामले से ध्यान भटकाने के लिए किया जा रहा है.
मजीठिया ने दावा किया कि चार्जशीट ड्रग्स केस में नहीं, बल्कि आय से अधिक संपत्ति के मामले में दाखिल हुई है और ड्रग्स केस में कोई चार्जशीट दाखिल नहीं हुई है. उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार अपनी नाकामियों से ध्यान हटाने की कोशिश कर रही है और वह पंजाब के अहम मुद्दों पर अपनी आवाज उठाते रहेंगे. मजीठिया ने यह सवाल भी उठाया कि जब जज ने अभी चार्जशीट खोली तक नहीं है, तो सरकार उसके विवरण कैसे बता रही है और आरोप कैसे लगा रही है.
कमलजीत संधू / असीम बस्सी