तमिलनाडु के वेल्लोर में भारतीय सेना के एक रिटायर्ड कैप्टन को एक महिला के साथ सेना की गोपनीय जानकारी साझा करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है. पुलिस ने सोमवार को बताया कि आरोपी ने व्हाट्सऐप के जरिए महिला को सेना के उपकरणों से जुड़ी संवेदनशील जानकारी दी थी.
आरोपी की पहचान 52 साल के बाबू पी के रूप में हुई है. केंद्रीय खुफिया अधिकारियों ने उससे 2 दिन तक संयुक्त पूछताछ की, जिसके बाद उसे स्थानीय पुलिस को सौंप दिया गया. आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और ऑफिशियल सिक्रेट्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है.
पुलिस के मुताबिक, बाबू ने भारतीय सेना में 28 साल तक सेवा दी थी. वह सेना के अलग-अलग विभागों में तैनात रहा था, जिनमें सैन्य उपकरण और तोपखाना शाखाएं भी शामिल थीं. इसके बाद वह 2025 में कैप्टन के पद से रिटायर हुआ था.
रिटायरमेंट के बाद बाबू वेल्लोर जिले में कनियंबाडी के पास कीझवल्लम गांव में रह रहा था. पुलिस को उसके बारे में एक सूचना मिली थी, जिसके आधार पर कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार किया गया.
DRDO प्रोजेक्ट का हवाला देकर महिला ने निकलवाई जानकारी
करीब एक साल पहले एक महिला ने व्हाट्सऐप पर बाबू से संपर्क किया था. महिला ने दावा किया था कि वह रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन यानी डीआरडीओ के एक प्रोजेक्ट पर काम कर रही है. समय के साथ दोनों के बीच बातचीत बढ़ने लगी और वीडियो कॉल भी होने लगी. आरोप है कि महिला ने डीआरडीओ के प्रोजेक्ट के बहाने बाबू से सेना से जुड़ी संवेदनशील जानकारी मांगी. बाबू ने कथित तौर पर अपने पास मौजूद जानकारी उसके साथ साझा कर दी. महिला की मांग पर ज्यादा जानकारी जुटाने के लिए उसने सेना में सेवा दे रहे और रिटायर हो चुके अपने सहयोगियों से भी संपर्क किया.
पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने जानकारी हासिल करने के लिए सेना के कार्यालयों में भी फोन किए थे. जांच एजेंसियां अब महिला की पहचान और उसके ठिकाने का पता लगाने की कोशिश कर रही हैं.
पुलिस ने रिटायर्ड कैप्टन के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 152 और आधिकारिक गोपनीयता कानून, 1923 की धारा 3(1)(सी) और 5(1)(ए) के तहत मामला दर्ज किया है. उसे शनिवार को वेल्लोर सेंट्रल जेल भेज दिया गया. मामले में आगे की जांच जारी है.
aajtak.in