देश के कई हिस्सों में इन दिनों बारिश का दौर जारी है. मौसम विभाग ने कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है. दक्षिण छत्तीसगढ़ और उससे सटे दक्षिण ओडिशा के अंदरूनी इलाकों में बने डिप्रेशन का असर कई राज्यों में देखने को मिल सकता है. इसके चलते छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, सिक्किम और उत्तराखंड में बारिश की संभावना जताई गई है.
छत्तीसगढ़-MP से यूपी तक भारी बारिश
IMD का कहना है कि, छत्तीसगढ़, पूर्वी मध्य प्रदेश और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में कहीं-कहीं बहुत भारी बारिश हो सकती है. पूर्वी उत्तर प्रदेश और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी भारी बारिश हो सकती है.
उत्तर प्रदेश में बारिश को देखते हुए कई जिलों में स्कूल बंद रखने का फैसला लिया गया है. कानपुर देहात में 26 सितंबर को सभी स्कूल बंद रहेंगे. मिर्जापुर में कक्षा 1 से 8 तक के स्कूलों में छुट्टी रहेगी. कौशांबी में कक्षा 1 से 12 तक के स्कूल बंद रहेंगे. बांदा और प्रयागराज में भी कक्षा 1 से 8 तक के स्कूल बंद रखने का आदेश दिया गया है.
उत्तराखंड में 26 और 27 सितंबर को भारी बारिश का असर ज्यादा देखने को मिल सकता है. 26 सितंबर को बागेश्वर, पिथौरागढ़, चंपावत, नैनीताल और ऊधम सिंह नगर में रेड अलर्ट है. देहरादून, पौड़ी, रुद्रप्रयाग, चमोली और अल्मोड़ा में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है. हरिद्वार, उत्तरकाशी और टिहरी में येलो अलर्ट है.
27 सितंबर को देहरादून, टिहरी, पौड़ी और हरिद्वार में रेड अलर्ट है. उत्तरकाशी, चमोली, नैनीताल और रुद्रप्रयाग में ऑरेंज अलर्ट है. बागेश्वर, अल्मोड़ा, चंपावत, ऊधम सिंह नगर और पिथौरागढ़ में येलो अलर्ट रहेगा. भारी बारिश के साथ भूस्खलन, सड़कें बंद होने, नदियों और नालों का जलस्तर बढ़ने और मैदानी इलाकों में जलभराव का खतरा है. तेज हवाओं, गरज और बिजली गिरने की भी संभावना है.
उत्तराखंड में भारी बारिश के चलते स्कूल और आंगनबाड़ी बंद
बारिश के अलर्ट को देखते हुए चमोली, नैनीताल, पिथौरागढ़, बागेश्वर और अल्मोड़ा में स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र बंद रखने के आदेश दिए गए हैं. नैनीताल में 26 सितंबर को सभी स्कूल बंद रहेंगे.
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अधिकारियों को हाई अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए हैं. उन्होंने लोगों और पर्यटकों से मौसम और सड़क की स्थिति देखकर ही यात्रा करने को कहा है. प्रशासन को नदियों, नालों, भूस्खलन वाले इलाकों, पहाड़ी रास्तों और चारधाम मार्गों पर निगरानी बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं. राहत और बचाव दलों को भी तैयार रखा गया है.
वहीं बंगाल की खाड़ी में बने मौसम सिस्टम को लेकर भी नजर बनी हुई है. इसके मजबूत होने पर चक्रवाती तूफान बनने की संभावना जताई गई थी. इसे संभावित रूप से 'अर्नब' नाम दिया जा सकता है. इसके असर से ओडिशा और उत्तर आंध्र प्रदेश में भारी बारिश का खतरा बताया गया था. हालांकि, उस समय IMD ने चक्रवात अर्नब बनने की पुष्टि नहीं की थी.
इस बीच दक्षिण छत्तीसगढ़ से लेकर मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड तक बारिश का असर दिखाई दे रहा है. मौसम विभाग ने अगले दो दिनों में कई इलाकों में बहुत भारी बारिश की संभावना जताई है. ऐसे में संवेदनशील इलाकों में रहने वाले लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है.
सत्यजीत कुमार / अंकित शर्मा