दिल्ली हाईकोर्ट ने शरजील इमाम की उस याचिका पर तिहाड़ जेल प्रशासन से जवाब मांगा है, जिसमें उन्होंने जेल के भीतर कंप्यूटर पर अपनी पेन ड्राइव में मौजूद रिसर्च मटेरियल का इस्तेमाल करने की अनुमति मांगी है.
JNU से मॉडर्न हिस्ट्री में डॉक्टोरल रिसर्च कर रहे थे शरजील
शरजील इमाम ने अपनी PhD थीसिस पूरी करने के लिए पेन ड्राइव में रखी रिसर्च सामग्री तक पहुंच और जेल में उपलब्ध कंप्यूटर के इस्तेमाल की इजाजत मांगी है. वह जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) में मॉडर्न हिस्ट्री में डॉक्टोरल रिसर्च कर रहे थे.
यह भी पढ़िएः कैंसर की 2700 रुपये की दवा की MRP ₹27000! सुप्रीम कोर्ट बोला- ये दिनदहाड़े डकैती है
स्टडी रिसर्च मटेरियल के लिए चाहिए पेन ड्राइव
याचिका में कहा गया है कि पेन ड्राइव में मौजूद रिसर्च मटेरियल भारत सरकार की ओर से प्रतिबंधित सामग्री की श्रेणी में नहीं आता है. शरजील की ओर से यह भी बताया गया कि तिहाड़ जेल के तत्कालीन अधीक्षक ने पहले पेन ड्राइव उपलब्ध कराने की अनुमति दी थी. हालांकि, तत्कालीन अधीक्षक के ट्रांसफर के बाद नए जेल अधीक्षक ने अदालत के विशेष आदेश के बिना पेन ड्राइव और जेल में मौजूद कंप्यूटर के इस्तेमाल की अनुमति देने से इनकार कर दिया.
डिजिटल सामग्री की कैसे होगी निगरानी? जेल प्रशासन की आपत्ति
वहीं, जेल प्रशासन ने डिजिटल सामग्री की निगरानी को लेकर आपत्ति जताई है. जेल प्रशासन का कहना है कि कैदी को उपलब्ध कराई जाने वाली किताबों, प्रिंटआउट और फोटोकॉपी की निगरानी करना आसान है, लेकिन पेन ड्राइव में बड़ी मात्रा में मौजूद डिजिटल सामग्री की जांच और निगरानी करना मुश्किल हो सकता है.अब दिल्ली हाईकोर्ट ने इस मामले में तिहाड़ जेल प्रशासन से जवाब मांगा है.
संजय शर्मा