खो गया था बेटा, जंगल में भटकता मिला... मां ने वीडियो कॉल पर देखा तो फफक पड़ी

महाराष्ट्र के वाशिम में एक ऐसी घटना सामने आई, जिसने हर किसी का दिल छू लिया. बिहार का एक युवक दो दिन से लापता था और वाशिम के जंगलों में भटक रहा था. जब स्थानीय पुलिस ने उसे देखा तो पूछताछ की, मगर वह कुछ नहीं बता सका. कॉन्स्टेबल विजय गगावने ने जैसे-तैसे उसके घर का पता लगाया. फिर मां वीडियो कॉल पर बेटे को देख रो पड़ी.

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बेटे को वीडियो कॉल पर देख रो पड़ी मां. (Photo: ITG) बेटे को वीडियो कॉल पर देख रो पड़ी मां. (Photo: ITG)

ज़का खान

  • वाशिम,
  • 19 अक्टूबर 2025,
  • अपडेटेड 3:44 PM IST

महाराष्ट्र के वाशिम में एक बिहारी युवक की जिंदगी एक पुलिस कर्मी की मुस्तैदी से बच गई. मामला कारंजा शहर पुलिस स्टेशन का है. यहां 18 वर्षीय युवक पुलिस के पास लाया गया. यह युवक दो दिनों से जंगल में भटक रहा था, और भूखा-प्यासा और मानसिक रूप से कमजोर हालत में था.

पुलिस कॉन्स्टेबल विजय गगावने ने युवक से पूछताछ शुरू की. हालांकि युवक की बातों को समझना आसान नहीं था, क्योंकि उसकी भाषा में तोतलापन था, और मानसिक रूप से कमजोर लग रहा था... लेकिन उसने बार-बार बिहार शब्द कहा. कॉन्स्टेबल ने इसी सुराग के आधार पर युवक के परिजनों का पता लगाने की ठानी.

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यहां देखें Video

विजय गगावने ने पहले गूगल लोकेशन और युवक के बताए गए संकेतों की मदद से बिहार में युवक के गांव के करीब एक दुकान का पता लगाया. इसके बाद उन्होंने फेसबुक के माध्यम से उस दुकान वाले का आईडी ढूंढा और उसे मैसेज भेजकर संपर्क किया. दुकान वाले ने अपना नंबर भेजा और वीडियो कॉल के दौरान युवक का चेहरा दिखाया गया. दुकानदार ने युवक को तुरंत पहचान लिया और बताया कि यह युवक उसके गांव के पास ही रहता है.

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इसके बाद पुलिस ने युवक के परिजनों से वीडियो कॉल पर कनेक्ट किया. जैसे ही मां और भाई-बहन ने अपने खोए हुए बेटे जयप्रकाश कुमार को देखा, वे फूट-फूट कर रो पड़े. यह पल बेहद भावुक था, क्योंकि युवक आखिरकार अपने परिवार से मिलने वाला था.

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पुलिस ने युवक का मेडिकल भी करवाया और उसकी हालत ठीक होने के बाद उसे परिवार के पास भेजा गया. सलमान अंसारी नाम का व्यक्ति इस युवक को पुलिस स्टेशन लेकर पहुंचा था, उसने उसे जाते समय नए कपड़े भी दिलवाए. यह घटना पुलिस में इंसानियत और समर्पण की मिसाल बन गई.

कॉन्स्टेबल विजय गगावने अगर तत्परता और दिलचस्पी नहीं दिखाते तो शायद युवक अपने परिजनों तक नहीं पहुंच पाता. वाशिम में यह मामला सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है और कॉन्स्टेबल विजय गगावने की सराहना की जा रही है.

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