उम्र 60 साल, हौसला युवाओं जैसा... 1998 से हर सावन सोमवार डाक बम बन बाबा बैद्यनाथ को चढ़ाती हैं जल

सावन की भक्ति में धनबाद की 60 वर्षीय रेणु देवी की आस्था की कहानी बेहद खास है. वह 1998 से लगातार हर सोमवार डाक बम बनकर बाबा बैद्यनाथ धाम पहुंचती हैं और जलाभिषेक करती हैं. उम्र बढ़ने के बावजूद उनके उत्साह में कमी नहीं आई. रेणु देवी कहती हैं कि बाबा ने भक्त बनाया, यही उनके जीवन का सबसे बड़ा आशीर्वाद है.

Advertisement
पति भी वर्षों से कर रहे हैं देवघर की यात्रा.(Photo: Sithun Modak/ITG) पति भी वर्षों से कर रहे हैं देवघर की यात्रा.(Photo: Sithun Modak/ITG)

सिथून कुमार मोदक

  • धनबाद,
  • 01 अगस्त 2026,
  • अपडेटेड 11:02 PM IST

सावन का महीना भगवान शिव की आराधना और आस्था के लिए विशेष माना जाता है. इसी भक्ति की अनोखी मिसाल धनबाद में देखने को मिल रही है, जहां 60 वर्षीय रेणु देवी पिछले 28 वर्षों से हर सावन सोमवार डाक बम बनकर सुल्तानगंज से जल लेकर बाबा बैद्यनाथ धाम में जल अर्पित करती आ रही हैं. उम्र के इस पड़ाव पर भी उनकी श्रद्धा और ऊर्जा लोगों के लिए प्रेरणा बनी हुई है.

Advertisement

रेणु देवी ने बताया कि साल 1998 में उन्होंने पहली बार सावन के प्रत्येक सोमवार डाक बम बनकर बाबा बैद्यनाथ धाम में जल चढ़ाने का संकल्प लिया था. इसके बाद से उन्होंने कभी यह क्रम नहीं तोड़ा. उनका कहना है कि जब तक बाबा भोलेनाथ की कृपा और बुलावा रहेगा, तब तक वह इसी तरह अपनी सेवा और यात्रा जारी रखेंगी.

यह भी पढ़ें: झारखंड में अवैध कोयला खनन और रंगदारी मामले पर ED का बड़ा एक्शन... धनबाद में 31 जगहों पर रेड में 160 करोड़ की संपत्ति फ्रीज

उनके लिए यह सिर्फ धार्मिक यात्रा नहीं, बल्कि वर्षों से निभाया जा रहा संकल्प है. रेणु देवी बताती हैं कि डाक बम की वेशभूषा धारण करते ही उन्हें अलग तरह की ऊर्जा महसूस होती है. लंबा और कठिन रास्ता तय करने के बावजूद उन्हें थकान या दर्द का एहसास नहीं होता. इस यात्रा में उनके साथ पूरा जत्था भी रहता है, जो हर कदम पर उनका सहयोग करता है.

Advertisement

'बाबा ने भक्त बनाया, यही सबसे बड़ा आशीर्वाद'

जब रेणु देवी से उनकी मनोकामना के बारे में पूछा गया तो वह भावुक हो गईं. उन्होंने कहा कि बाबा भोलेनाथ ने उन्हें अपना भक्त बनाया, इससे बड़ा आशीर्वाद उनके लिए कुछ नहीं हो सकता. उनका परिवार सुखी और स्वस्थ है, इसलिए वह अपने लिए भगवान से किसी चीज की मांग नहीं करतीं.

रेणु देवी की प्रार्थना है कि बाबा की कृपा हर व्यक्ति और हर परिवार पर बनी रहे. वह चाहती हैं कि सभी लोग सुख, शांति और समृद्धि के साथ अपना जीवन बिताएं. इसी कृतज्ञता की भावना से वह हर सावन सोमवार बाबा बैद्यनाथ धाम पहुंचकर जलाभिषेक करती हैं.

उनका कहना है कि यह यात्रा उम्र या शारीरिक क्षमता से ज्यादा विश्वास का विषय है. हर साल जैसे ही सावन आता है, उनके भीतर बाबा के दर्शन और जल अर्पित करने की इच्छा और मजबूत हो जाती है. यही आस्था उन्हें लगातार इस कठिन यात्रा के लिए ऊर्जा देती है.

पति भी वर्षों से कर रहे हैं देवघर की यात्रा

रेणु देवी के पति ने बताया कि वह खुद वर्ष 1986 से देवघर जा रहे हैं. हर साल सावन के दौरान सोमवारी पर बाबा बैद्यनाथ को जल चढ़ाने का उनका सिलसिला भी लगातार जारी है. उन्होंने कहा कि आगे भी यह परंपरा जारी रहेगी और वह हर साल देवघर जाकर बाबा का जलाभिषेक करेंगे.

Advertisement

एक तरफ पति की दशकों पुरानी देवघर यात्रा और दूसरी ओर रेणु देवी का 28 वर्षों से हर सोमवार डाक बम बनने का संकल्प, इस परिवार की शिव भक्ति को खास बनाता है. दोनों के लिए बाबा बैद्यनाथ की आराधना केवल परंपरा नहीं, बल्कि जीवन का हिस्सा बन चुकी है.

रेणु देवी की कहानी यह बताती है कि आस्था के सामने उम्र की सीमा भी छोटी पड़ जाती है. 60 वर्ष की उम्र में भी उनका हर सोमवारी डाक बम बनना और बाबा बैद्यनाथ को जल चढ़ाने के लिए निकलना उनकी अटूट श्रद्धा का उदाहरण है. उनकी भक्ति और संकल्प सावन के इस पवित्र महीने में लोगों के लिए प्रेरणा बन रहे हैं.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »