दिल्ली में वोटर लिस्ट की जांच के दौरान करीब 33 लाख एंट्री में गड़बड़ी मिली थी. अब इनमें से करीब 20 लाख मामलों को सुलझा लिया गया है. बाकी मामलों का समाधान होना अभी बाकी है. ऐसे में सवाल है कि जिन मामलों का समाधान अभी नहीं हुआ, उनका क्या होगा?
दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) ने SIR 2026 को लेकर यह जानकारी दी है. उन्होंने बताया कि वोटर लिस्ट में मिली गड़बड़ियों को दूर करने के लिए पहले से ही अभियान चलाया जा रहा है. यहां जिन एंट्री में गड़बड़ी की बात कही गई है, उनमें लॉजिकल डिस्क्रेपेंसी यानी रिकॉर्ड में तार्किक अंतर या अनमैप्ड यानी मैपिंग नहीं होने जैसी समस्याएं शामिल हैं.
दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय के मुताबिक, SIR के तहत वोटर लिस्ट की एंट्री में मिली गड़बड़ियों को दूर करने के लिए अभियान चलाया जा रहा है. करीब 33 लाख एंट्री में तार्किक गड़बड़ी या मैपिंग की समस्या थी. इनमें से करीब 20 लाख मामलों का समाधान हो चुका है. बाकी मामलों पर भी काम किया जा रहा है. दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने भरोसा दिया है कि किसी भी पात्र वोटर को वोटर लिस्ट से बाहर नहीं किया जाएगा. यानी वोट देने का अधिकार रखने वाले किसी भी व्यक्ति का नाम सूची से नहीं हटाया जाएगा.
शिकायत कहां कर सकते हैं?
अगर किसी व्यक्ति को SIR या वोटर लिस्ट से जुड़ी कोई शिकायत है, तो वह चुनाव अधिकारियों से संपर्क कर सकता है. CEO के संदेश के मुताबिक, दिल्ली में 14,947 बूथ लेवल ऑफिसर (BLO), 902 असिस्टेंट इलेक्टोरल रजिस्ट्रेशन ऑफिसर (AERO), 70 इलेक्टोरल रजिस्ट्रेशन ऑफिसर (ERO) और 13 जिला निर्वाचन अधिकारी (DEO) इस काम से जुड़े हैं. शिकायत के लिए मुख्य निर्वाचन अधिकारी से भी संपर्क किया जा सकता है.
फिलहाल, 33 लाख एंट्री में से करीब 20 लाख मामलों का समाधान हो चुका है. बाकी मामलों को सुलझाने का काम जारी है. अब देखना होगा कि शेष मामलों का निपटारा कब तक होता है.
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