चीनी पूरी तरह छोड़कर Sugar-Free चाय पीने लगे? इससे आंतों को लग सकता है झटका, जानें कैसे 

चीनी खाना छोड़ना एक ट्रेंड बन गया है. चीनी अधिक खाने से नुकसान तो होता है, लेकिन क्या इसको पूरी तरह से छोड़ना सेहत के लिए ठीक है? इसके बारे में एक नई रिसर्च में बताया गया है.

Advertisement
चीनी छोड़ने के नुकसान चीनी छोड़ने के नुकसान

आजतक हेल्थ डेस्क

  • नई दिल्ली,
  • 25 अगस्त 2026,
  • अपडेटेड 3:55 PM IST

सोशल मीडिया के इस दौर में चीनी छोड़ना एक फैशन बन गया है. कोई न कोई या कहता मिल जाएगा कि चीनी खाने से सेहत खराब हो जाती है. कुछ लोग ऐसा मानने भी लगे हैं. चाय भी चीनी के बिना ही पी रहे हैं. तो कुछ लोग शुगर-फ्री प्रोडक्ट्स यूज कर रहे हैं.  चीनी पूरी तरह छोड़ना शायद सबसे अच्छा तरीका नहीं है. हाल ही में हुई एक स्टडी के मुताबिक, इससे गट माइक्रोबायोम यानी आंतों में रहने वाले बैक्टीरिया पर बुरा असर पड़ सकता है. ये अच्छे बैक्टीरिया को भी नुकसान कर सकता है. 

Advertisement

एंडोक्राइन सोसाइटी की रिसर्च के मुताबिक,  बहुत से लोग अपनी डाइट से चीनी हटा रहे हैं या आर्टिफिशियल स्वीटनर जैसे शुगर फ्री ले रहे हैं. जिससे नुकसान हो सकता है.  

चीनी छोड़ने से आंतों की सेहत कैसे हो जाती है खराब? 

माना जाता है कि चीनी ज्यादा खाने से लाइफस्टाइल से जुड़ी कई बीमारियों हो सकती हैं. इससे डायबिटीज और दिल से जुड़ी समस्याएं होने का रिस्क होता है. सेहत से जुड़ी इन चिंताओं के बावजूद, चीनी पूरी तरह छोड़ने के नुकसान हो सकते हैं. एक रिसर्च में यह साबित हुआ है. 

चूहों पर हुई इस रिसर्च में वैज्ञानिकों ने 16 हफ़्तों तक बिना चीनी और चीनी वाली डाइट के असर की जांच की. इसमें उन्होंने  ग्लूकोज टॉलरेंस, इंसुलिन सेंसिटिविटी, मेटाबोलिक हार्मोन, गट माइक्रोबायोम और कोलन व लिवर में सूजन का टेस्ट किया.

Advertisement

रिसर्च में पता चला कि जिनको बिना चीनी वाली डाइट दी गई थी, उनमें ग्लूकोज कंट्रोल में कमी, इंसुलिन रेजिस्टेंस की बीमारी, गट माइक्रोबियल का बैलेंस खराब होना, आंतों में सूजन और फैटी लिवर जैसे बीमारियां देखी गई, जबकि जिन चूहों को चीनी दी गई थी उनके वजन में कोई खास फर्क नहीं था. उनमें इंसुलिन रेजिस्टेंस की समस्या भी नहीं देखी गई थी. इस रिसर्च से पता चला है कि डाइट से चीनी को पूरी तरह हटाने से गट माइक्रोबायोम और मेटाबोलिक हेल्थ पर बुरा असर पड़ सकता है. इससे आंतों के अच्छे बैक्टीरिया को नुकसान हो सकता है. 

यह भी पढ़ें: चीनी के दाम में तेजी के पीछे 'मौसम और जमाखोरी', अगले साल तक के लिए पर्याप्त स्टॉक मौजूद

गट माइक्रोबायोम बिगड़ने से क्या होता है

दिल्ली के आरएमएल हॉस्पिटल में मेडिसिन विभाग में डायरेक्टर प्रोफेसर डॉ सुभाष गिरि बताते हैं कि अपनी डाइट से चीनी को पूरी तरह हटाने से अचानक गट हेल्थ (आंतों की सेहत) पर बुरा असर पड़ सकता है और इससे सूजन और मेटाबॉलिक गड़बड़ी हो सकती है. गट माइक्रोबायोम बिगड़ने से पाचन समस्याएं, इम्युनिटी कमजोर होना और कई गंभीर बीमारियां हो सकती हैं.

चीनी को पूरी तरह से छोड़ने के बजाय संतुलित पोषण ज़्यादा ज़रूरी है. सोशल मीडिया पर किसी व्यक्ति के कहने से अपनी डाइट में कोई बदलाव न करें. किसी दूसरे की सलाह पर खुद से शुगर फ्री जैसी चीजें खाना भी शुरू न करें. क्योंकि इनमें भी आर्टिफिशियल स्वीटनर्स होते हैं. हां, ये जरूरी है कि मीठा कम ही खाएं, अगर डायबिटीज, मोटापा, हाई बीपी जैसी समस्याएं हैं तो फिर मीठा खाना है या नहीं इस मामले में कोई फैसला अपने डॉक्टर की सलाह पर ही लें. 

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »