बॉलीवुड को कुछ बेहतरीन सस्पेंस-थ्रिलर और अंडरवर्ल्ड की कहानियों पर फिल्में देने वाले डायरेक्टर-फिल्ममेकर संजय गुप्ता अब हमारे बीच नहीं रहे. 57 साल की उम्र में उनका अचानक निधन हो गया. मौत की वजह बाथरूम में फिसलने से बताई जा रही है. हालांकि उनके निधन से जुड़ी और भी जानकारी सामने आनी बाकी है.
संजय गुप्ता बॉलीवुड के उन फिल्ममेकरों में से थे, जिन्होंने अपनी फिल्मों की कहानियों से सुर्खियां बटोरीं. इसके अलावा उनके बेबाक बयान भी हेडलाइन में रहे. संजय ने अपने करियर में कांटे, शूटआउट एट वडाला, काबिल, मुसाफिर- ऐसी फिल्में बनाईं जिसमें एक्शन और थ्रिल का जबरदस्त मिश्रण रहा.
संजय दत्त के साथ फिल्म बनाकर शुरू किया करियर
संजय गुप्ता ने अपना करियर संजय दत्त के साथ 1994 में फिल्म आतिश से किया था. इसके बाद उन्होंने कई फिल्में ऐसी बनाईं, जो किसी दूसरी फिल्म से प्रेरित या आधारित रही. उन्होंने अपने करियर में ज्यादातर वो फिल्में बनाईं, जिसमें मुंबई के अंडरवर्ल्ड की कहानी दिखाई गई. साल 2013 में आई उनकी शूटआउट एट वडाला और साल 2007 की शूटआउट एट लोखंडवाला का प्लॉट मुंबई अंडरवर्ल्ड पर ही था. हालांकि शूटआउट एट वडाला को उन्होंने खुद डायरेक्ट किया था, जबकि शूटआउट एट लोखंडवाला को उन्होंने प्रोड्यूस किया था. इसके अलावा उन्होंने मुंबई सागा फिल्म भी बनाई.
संजय गुप्ता के करियर में अगर कोई एक्टर सबसे अहम रहा है, तो वो संजय दत्त थे. उन्होंने अपने करियर में ज्यादातर फिल्में उन्हीं को लेकर बनाईं, और खूब नाम भी कमाया. संजय दत्त को आज भी मुसाफिर और कांटे में अपने किरदारों को लेकर जाना जाता है. सुनील शेट्टी, अनिल कपूर, जॉन अब्राहम, रोहित रॉय- ये भी वो कलाकार हैं जो संजय गुप्ता की फिल्मों में लगातार नजर आए.
संजय गुप्ता की आखिरी हिट फिल्म साल 2017 में आई काबिल थी, जिसमें वो पहली बार ऋतिक रोशन और यामी गौतम के साथ काम कर रहे थे. इसमें ऋतिक का किरदार एक अंधे आदमी का था, जो अपनी पत्नी की मौत का बदला लेता है. इसे राकेश रोशन ने प्रोड्यूस किया था, और ये उस वक्त शाहरुख खान की रईस के सामने क्लैश हुई थी.
कांटे से बनाया नाम
संजय गुप्ता के करियर की अगर सबसे आइकॉनिक फिल्म की बात करें, तो वो साल 2002 में आई कांटे थी. ये एक मल्टी-स्टारर एक्शन-थ्रिलर फिल्म थी, जो हॉलीवुड के दिग्गज फिल्ममेकर क्वेंटिन टैरेंटिनो की पिक्चर रिजर्वॉयर डॉग्स और एक हांगकांग फिल्म सिटी ऑन फायर से प्रेरित थी.
दिलचस्प बात ये है कि संजय गुप्ता की फिल्म कांटे देखकर टैरेंटिनो भी बड़े इंप्रेस हुए थे. बल्कि उन्होंने कांटे को अपनी सबसे पसंदीदा फिल्मों में शामिल कर लिया था. इसमें संजय दत्त, अमिताभ बच्चन, सुनील शेट्टी, महेश मांजरेकर, लकी अली, और कुमार गौरव जैसे कलाकार थे. इस फिल्म के दौरान स्टारकास्ट को काफी मुश्किलों का सामना भी करना पड़ा था, जिसका जिक्र डायरेक्टर भी अपने इंटरव्यूज में कर चुके थे.
इंडस्ट्री पर बेबाक बोलते थे संजय गुप्ता
संजय गुप्ता अच्छी फिल्में बनाने के अलावा अपने तीखे बयानों और बेबाक अंदाज के लिए भी जाने जाते हैं. कई मौकों पर उन्होंने ऐसी बातें कही हैं, जो बाद में चलकर कॉन्ट्रोवर्सी का चर्चा का विषय बनी. साइरस ब्रोचा के पॉडकास्ट में उन्होंने हिंदी फिल्म के हीरोज को लेकर चौंकाने वाले खुलासे किए थे कि कैसे एक एक्टर सेट पर 6 वैनिटी वैन और कई सारे एंटूरेज के साथ घूमता है. उन्होंने हर वैनिटी वैन के पीछे का कारण बताया था, जिसके बाद कुछ नए एक्टर्स पर सवाल उठे.
आजतक एंटरटेनमेंट डेस्क