बंगाल में लेफ्ट और कांग्रेस मिलकर लड़ेंगे चुनाव, कांग्रेस हाईकमान ने दी हरी झंडी

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में वामपंथी दलों ने पहले ही कांग्रेस के साथ गठबंधन की हरी झंडी दे दी थी और अब कांग्रेस ने भी साथ चुनाव लड़ने का ऐलान किया है. कांग्रेस के पश्चिम बंगाल प्रदेश अध्यक्ष अधीर रंजन चौधरी के मुताबिक कांग्रेस और लेफ्ट के साथ चुनाव लड़ने पर पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ने मुहर लगा दी है. 

Advertisement
सीताराम येचुरी और राहुल गांधी सीताराम येचुरी और राहुल गांधी

मौसमी सिंह

  • नई दिल्ली ,
  • 24 दिसंबर 2020,
  • अपडेटेड 4:12 PM IST
  • बंगाल में अगले साल की शुरुआत में विधानसभा चुनाव होंगे
  • बंगाल में लेफ्ट और कांग्रेस मिलकर लड़ेंगे विधानसभा चुनाव
  • 2016 में भी बंगाल में लेफ्ट और कांग्रेस साथ लड़े थे चुनाव

पश्चिम बंगाल में अगले साल की शुरुआत में होने वाले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस और वामपंथी दल मिलकर एक बार फिर से चुनावी मैदान में उतरेंगे. वामपंथी दलों ने पहले ही कांग्रेस के साथ गठबंधन की हरी झंडी दे दी थी और अब कांग्रेस ने भी साथ चुनाव लड़ने का ऐलान किया है. कांग्रेस के पश्चिम बंगाल प्रदेश अध्यक्ष अधीर रंजन चौधरी के मुताबिक कांग्रेस और लेफ्ट के साथ चुनाव लड़ने पर पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ने मुहर लगा दी है. 

Advertisement

सांसद और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अधीर रंजन चौधरी ने ट्वीट कर कहा है कि कांग्रेस पार्टी ने पश्चिम बंगाल के विधानसभा चुनाव के लिए लेफ्ट के साथ गठबंधन कर लिया है. लेफ्ट के साथ गठबंधन के लिए पार्टी से मिली हरी झंडी मिल गई है. ऐसे में एक बार फिर 2016 के विधानसभा चुनाव की तरह कांग्रेस और लेफ्ट मिलकर बंगाल में बीजेपी और ममता बनर्जी से दो-दो हाथ करेंगे. 

 

पश्चिम बंगाल में कुल 294 विधानसभा सीटें हैं. 2016 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस और लेफ्ट ने एक साथ चुनाव लड़ा था. तब कांग्रेस विधानसभा में दूसरी बड़ी पार्टी बनकर उभरी थी और पार्टी ने 44 सीटों पर जीत दर्ज की थी, जबकि सीपीएम को 26 और बाकी लेफ्ट के घटक दलों को कुछ सीटें मिली थी. बीजेपी मात्र 3 सीट जीत सकी थी. 

Advertisement

हालांकि मौजूदा विधायकों के पाला बदलने की वजह से कांग्रेस के अभी 23 विधायक ही हैं जबकि बीजेपी के पास 16 विधायक हैं. ऐसे में सवाल है बंगाल में बीजेपी के ज़बरदस्त उभार के बीच क्या कांग्रेस दूसरी बड़ी पार्टी रह पाएगी?

दरअसल, इस बार बंगाल का विधानसभा चुनाव काफी महत्वपूर्ण होता जा रहा है. टीएमसी के करीब एक दर्जन से ज्यादा विधायक ममता बनर्जी का साथ छोड़कर बीजेपी का दामन थाम चुके हैं. इतना ही नहीं लेफ्ट के भी दो विधायकों ने हाल में बीजेपी की सदस्यता ली है. ऐसे में देखना होगा कि लेफ्ट और कांग्रेस मिलकर क्या सियासी गुल खिलाते हैं. 

 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »