'कहीं और चले जाओ लेकिन अमेरिका मत आना', आखिर क्यों इस शख्स ने छात्रों से की अपील   

अमेरिका मत आना... ये हम नहीं बल्कि एजुकेशन के वीडियो बनाने वाले एक्सपर्ट अनुष्क शर्मा कह रहे हैं. उन्होंने भारतीय छात्र से अपील की है कि वह कहीं और चले जाए पढ़ने के लिए लेकिन अमेरिका न आए. अब सवाल ये है कि आखिर उन्होंने क्यों ऐसी बातें छात्रों से क्यों कही है? 

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छात्रों को दी अमेरिका न आने की सलाह. छात्रों को दी अमेरिका न आने की सलाह.

आजतक एजुकेशन डेस्क

  • नई दिल्ली,
  • 02 सितंबर 2026,
  • अपडेटेड 5:49 PM IST

हर साल लाखों छात्र अमेरिका में पढ़ाई करने के लिए जाते हैं. इसमें कई बार सोशल मीडिया कंटेंट क्रिएटर अनुष्क शर्मा की मदद करते हैं लेकिन अब उनका एक वीडियो सोशल मीडिया पर आग की तरह वायरल हो रहा है, जिसमें उन्होंने छात्रों से अमेरिका न आने की अपील की है. लेकिन ऐसा क्यों? अगर आप भी यूएस की यूनिवर्सिटी में एडमिशन लेने का सपना देख रहे हैं, तो थोड़ा रुक जाइए. वीडियो में अनुष्क ने कहा है कि छात्र कहीं और पढ़ाई के लिए चले जाए लेकिन अमेरिका न आए. उन्होंने आगे बताया कि 4 साल की वीजा लिमिट, H1B वीजा में अड़चनें और CPT-OPT नियमों पर सख्ती के कारण अब अमेरिका में पढ़ाई के बाद करियर बनाना आसान नहीं है.

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क्यों कर रहे अमेरिका आने से मना? 

वैसे तो लाखों छात्र पढ़ाई के लिए विदेश का रुख करते हैं लेकिन इनमें से ज्यादातर का सपना अमेरिका में पढ़ाई का होता है. हालांकि, पिछले कुछ समय से अमेरिका में कई नियमों में बदलाव किया गया है. ऐसे में वहां पर पढ़ाई के लिए जाना थोड़ा मुश्किल भरा हो गया है. 

नियमों पर हो रही सख्ती 

अनुष्क शर्मा ने इस वीडियो के जरिए बताया है कि आखिर क्यों छात्रों को यहां नहीं आना चाहिए.

वीजा वैलिडिटी 

उन्होंने वीडियो में बताया कि स्टूडेंट वीजा की टाइमलाइन को केवल 4 साल तक कर दिया गया है. अगर आपका कोर्स चार साल से अधिक का होता है, तो वापस से एक्सटेंशन  के लिए चक्कर कांटने होंगे. 

H-1B वीजा

ग्रेजुएशन के बाद अमेरिका में काम करने का जरिया माने जाने वाले H-1B वीजा के नियमों को भी सख्त कर दिया गया है. 

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ग्रेस पीरियड

वीडियो में आगे कहा कि अमेरिका में नौकरी जाने की हालात में मिलने वाले 60 दिनों के ग्रेस पीरियड को खत्म करने की तैयारी है. 

बदल जाएंगे इंटर्नशिप के नियम

अनुष्क शर्मा ने दावा किया कि अमेरिका में पढ़ाई के समय पार्ट टाइम नौकरी या इंटर्नशिप के लिए CPT (Curricular Practical Training) और पढ़ाई के बाद काम के लिए ओपीटी (Optional Practical Training) बेहद जरूरी होते हैं. नए निर्देश के मुताबिक, अब CPT  को केवल उन कोर्स तक सीमित रखा जाएगा, जहां यह अनिवार्य है. मतलब पहली की तरह काम करके पैसे कमाने का ये तरीका भी खत्म हो जाएगा.

(नोट- यह खबर सोशल मीडिया पर शेयर किए गए पोस्ट पर आधारित है. aajtak.in इस पर किए गए दावों की पुष्टि नहीं करता)

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