सावन में मटन बनाने की जिद कर रहा था बेटा, गुस्साए पिता ने पीट-पीटकर मार डाला, मां भी गिरफ्तार

पुणे के वारजे-मालवाड़ी में श्रावण महीने में मटन बनाने के विवाद में 30 वर्षीय महेश गायकवाड़ की मौत हो गई. पुलिस ने हत्या के आरोप में पिता और सबूत मिटाने के आरोप में मां को गिरफ्तार किया है. पढ़ें रिश्तों के कत्ल की खौफनाक कहानी.

Advertisement
पुलिस ने महेश के पिता और मां दोनों को गिरफ्तार कर लिया है (फोटो-ITG) पुलिस ने महेश के पिता और मां दोनों को गिरफ्तार कर लिया है (फोटो-ITG)

ओमकार

  • पुणे,
  • 28 अगस्त 2026,
  • अपडेटेड 4:24 PM IST

महाराष्ट्र के पुणे से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहां श्रावण महीने में मटन पकाने को लेकर हुए विवाद ने एक युवक की जान ले ली. वारजे-मालवाड़ी इलाके में 30 साल के महेश भगवान गायकवाड़ की कथित तौर पर पीट-पीटकर हत्या कर दी गई. इस वारदात को किसी और ने नहीं बल्कि महेश के पिता ने ही अंजाम दिया. पुलिस ने आरोपी पिता 64 वर्षीय भगवान सूर्यभान गायकवाड़ और मां 60 वर्षीय पार्वती भगवान गायकवाड़ को गिरफ्तार कर लिया है. 

Advertisement

पुलिस के मुताबिक, घटना 25 अगस्त की रात हुई थी. पुलिस की जांच में सामने आया कि महेश की शादी करीब 10 साल पहले हुई थी, लेकिन वह शराब का आदी था और कोई काम नहीं करता था. उसकी पत्नी दो बच्चों को लेकर उससे अलग हो गई थी और हाल ही में दोनों का तलाक भी हो गया था. इसके बाद महेश अकेले रहता था और अक्सर पास में रहने वाले अपने माता-पिता के घर जाकर खाना खाता था. 

25 अगस्त की रात भी वह कथित तौर पर शराब के नशे में अपने माता-पिता के घर पहुंचा था. पुलिस के अनुसार, घर पहुंचने के बाद महेश ने अपने माता-पिता से मटन करी बनाने को कहा. लेकिन श्रावण का महीना होने के कारण परिवार में उस दौरान नॉन-वेज खाना नहीं बनाया जा रहा था. माता-पिता ने मटन पकाने से इनकार कर दिया, जिसके बाद महेश और उसके पिता के बीच बहस शुरू हो गई. 

Advertisement

देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि मामला हाथापाई तक पहुंच गया. पुलिस का आरोप है कि झगड़े के दौरान महेश के पिता भगवान सूर्यभान गायकवाड़ ने उसके चेहरे और सिर पर बार-बार हमला किया. गंभीर चोट लगने के कारण महेश की हालत बिगड़ गई और उसकी मौत हो गई. पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि हमले के दौरान किस तरह की चोटें लगीं और घटनास्थल पर वास्तव में क्या हुआ था. 

इस मामले की जांच वारजे-मालवाड़ी पुलिस कर रही है. पुलिस के मुताबिक, घटना के बाद महेश की मां पार्वती ने कथित तौर पर अपने पति को बचाने की कोशिश की. आरोप है कि उसने घटनास्थल पर लगे खून के निशान साफ कर दिए, ताकि घटना से जुड़े सबूत मिटाए जा सकें. इतना ही नहीं, पुलिस का कहना है कि उसने महेश के बड़े भाई को भी कथित तौर पर गलत जानकारी दी. पार्वती एक नर्सिंग होम में नर्स के तौर पर काम करती है.

महेश का बड़ा भाई पेशे से पेंटर है. घटना को लेकर जानकारी मिलने के बाद वह वारजे-मालवाड़ी पुलिस के पास पहुंचा और शिकायत दर्ज कराई. शिकायत के आधार पर पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की. इसके बाद पुलिस ने महेश के पिता को कथित हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया, जबकि उसकी मां को सबूत मिटाने और पति की मदद करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है.

Advertisement

पुलिस की शुरुआती जांच में पूरा विवाद मटन बनाने की मांग और श्रावण के दौरान नॉन-वेज खाना नहीं बनाने को लेकर सामने आया है. एक पारिवारिक बहस देखते ही देखते हिंसक हो गई और 30 वर्षीय महेश की जान चली गई. फिलहाल दोनों आरोपियों से पूछताछ की जा रही है और पुलिस मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है. 
 

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »