8 महीने में 53 अपराध... कार चोरी से लेकर शोरूम लूटने तक दिल्ली को दहलाने वाला बब्बर गिरफ्तार

दिल्ली पुलिस ने एक बेहद ही शातिर अपराधी को गिरफ्तार किया है. उस पर 50 से ज्यादा चोरी, डकैती और लूट जैसी वारदातों में शामिल होने का आरोप है. पुलिस ने उसके पास से चोरी की एक कार, 9 दोपहिया वाहन और करीब 5 लाख रुपए के ब्रांडेड कपड़े बरामद किए हैं.

Advertisement
सांकेतिक तस्वीर सांकेतिक तस्वीर

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 06 मार्च 2023,
  • अपडेटेड 8:52 AM IST

दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने 8 महीने के अंदर चीरी, लूट और डकैती जैसी 50 से ज्यादा वारदातों में शामिल रहने वाले एक शख्स को गिरफ्तार किया है. आरोपी अब तक बाइक से लेकर कार चोरी और शोरूम लूटने जैसे अपराधों तक को अंजाम दे चुका है. 

पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार किया गया आरोपी दीपक बब्बर (34) दिल्ली के रोहिणी का रहने वाला है. उसके पास से चोरी की एक कार, 9 दोपहिया वाहन और करीब 5 लाख रुपए के ब्रांडेड कपड़े बरामद हुए हैं. पुलिस को काफी दिनों से उसकी तलाश थी. 

Advertisement

दीपक और उसके गिरोह के खिलाफ दिल्ली के अलग-अलग थानों में चोरी, लूट और डकैती के 53 मामले दर्ज हैं. पिछले आठ महीने में इस गिरोह ने मध्य दिल्ली, द्वारका और पश्चिमी दिल्ली में कई शोरूम को निशाना बनाया. 

शोरूम से चुरा लिए 150 कपड़े

पुलिस ने इस गिरोह की एक वारदात के बारे में बताते हुए कहा कि 29 फरवरी की रात बब्बर अपने गिरोह के साथ पटेल नगर के शोरूम में घुसा था. यहां आरोपियों ने 150 कपड़े और लेनोवो के टेबलेट्स उठाए और मौके से फरार हो गए.

सीसीटीवी फुटेज से हुई पहचान

स्पेशल कमिश्वर ऑफ पुलिस (अपराध शाखा) रवींद्र सिंह यादव ने बताया कि पटेल नगर की वारदात के बाद मामले की गहनता से जांच की गई. सीसीटीवी फुटेज इकट्ठा करने पर आरोपियों में शामिल एक शख्स की पहचान दीपक बब्बर के रूप में हुई.

Advertisement

8 महीने के अंदर किए कई अपराध

पुलिस ने बताया कि दीपक बब्बर को मध्य दिल्ली से गिरफ्तार किया गया है. पूछताछ में उसने खुलासा किया है कि वह पटेल नगर में हुई चोरी की वारदात में अपने एक साथी के साथ शामिल था. बब्बर ने कबूल किया है कि उसने पिछले 8 महीने में पटेल नगर के अलावा, करोल बाग, द्वारका और पश्चिमी दिल्ली में चोरी की कई वारदातों को अंजाम दिया है. 

आपास में बंटता था चोरी का सामान

दीपक ने पुलिस को बताया कि वह और उसके साथी वारदात के बाद चोरी के सामान को आपस में बांट लेते थे. संदेह से बचने के लिए उनमें से कुछ सामान दिल्ली से बाहर साथियों को बेच दिया जाता था. पूछताछ में उसने यह भी बताया कि पुलिस से बचने के लिए वह अक्सर ठिकाने बदलता रहता था.

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »