आजादी के 80वें दिवस के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले के प्राचीर से संबोधित करते हुए कहा कि हम आज दुनिया की मेजर इकोनॉमी में फास्टर ग्रोविंग इकोनॉमी बन चुके हैं.
पिछले 12 साल में भारत ने एक नई रफ्तार पकड़ी है और हम तेजी से आगे बढ़ रहे हैं. देश का संकल्प है कि 2047 तक हम देश को विकसित बनाएंगे और 140 करोड़ लोगों का पुरुषार्थ इस लक्ष्य को हासिल करेगा.
पिछले 12 सालों में तेजी से बढ़ी मैन्युफैक्चरिंग
उन्होंने पिछले 12 सालों का हिसाब देते हुए कहा कि आज डिफेंस प्रोडक्टशन 4 गुना, मोबाइल उत्पादन 37 गुना, खादी ग्राम उद्योग 7 गुना, मैन्युफैक्चरिंग 21 गुना बढ़ा है. उन्होंने आगे कहा कि 6 गुनी रफ्तार से गैस कनेक्शन, हर साल 4 गुना रफ्तार से टॉयलेट बनाए हैं. उन्होंने आगे कहा कि अब लक्ष्य 2047 तक भारत को विकसित बनाना है और यह तभी संभव होगा, जब हम आत्मनिर्भर बनेंगे.
अब हम रुक नहीं सकते
आजादी के बाद पहली बार पिछले एक दशक में भारत ने इतनी तेजी देखी है. 2047 में विकसित भारत बनने का संकल्प अधूरा नहीं रह सकता है. हम रुकने वाले नहीं हैं. लेकिन इसके लिए आत्म विश्वास की जरूरत होती है. इसलिए आत्मनिर्भर बनने की जरूरत है.
दुनिया में बहुत कुछ मिलता है, लेकिन उससे हमारा संकल्प नहीं पूरा होगा. इस कारण हमे आत्मनिर्भर बनना होगा. मेक इन इंडिया, वोकल फॉर लोकर और अन्य नीतियां इसको सपोर्ट करेंगी. आत्मनिर्भर बनने के लिए देश को मैन्युफैक्चरिंग बढ़ाना होगा.
40 से ज्यादा देशों के साथ FTA पर काम
दुनिया के 40 से ज्यादा देशों के साथ हम फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) कर रहे हैं. अब हम रुक नहीं सकते हैं. पीएम ने देशवासियों से अपील की कि देश के प्रोडक्ट्स को दुनिया के कोने-कोने में पहुंचाना होगा. इस मौके को छोड़ नहीं सकते. यह अवसर है, जब हम भारत के हर उत्पाद को विश्व के बाजार में पहुंचा सकते हैं. ग्लोबल पैरामीटर को पार करना होगा. हमे सस्ता और अच्छा देना होगा. हमारा टेक्सटाइल सेक्टर दुनियाभर में पहुंच सकता है.
आने वाले साल बहुत महत्वपूर्ण हैं
उन्होंने कहा कि एफटीए की वजह से हमारे सी फूड की दुनिया में पहुंचने की संभावन बढ़ी है. ऐसे में हमे तेजी से काम करना होगा. 2047 का लक्ष्य इन मजबूत पर खड़ा है. देशवासियों ने जो सामर्थ्य दिखाया है. अगला एक चौथाई बहुत महत्वपूर्ण है. हमारी स्पीड कम नहीं हो सकती है. हम तेजी से विकसित भारत की ओर बढ़ सकते हैं. पूरे देशवाशियों को इसपर काम करना होगा.
पीएम ने कहा कि जो काम अभी तक नहीं हुआ वो आने वाले 5 से सात साल में करना है. हम इस काम को जल्द से जल्द पूरा कर सकते हैं. नई रिफॉर्म एक कनविक्शन है. हम नेक्स्ट लेवल रिफॉर्म की ओर बढ़ने वाले हैं. हर किसी को सोच में रिफॉर्म करना होगा. हमे एक तय दिशा में बढ़ना होगा.
भारत को कंंप्लीट मैन्युफैक्चरिंग की जरूरत
विकसित भारत बनाने के लिए एक नई दिशा चाहिए. हम देश को नई ऊंचाई और गति देंगे और लक्ष्य को पाने वाला एक साहस देंगे. हमे कंप्लीट मैन्युफैक्चरिंग चाहिए. यह अवसर है. इसे जाने ना दें. उन्होंने कहा कि देश की असली पहचान कॉस्ट, क्वालिटी और स्केल है. हमारी विश्वनिसता तेजी से बढ़नी चाहिए.
फूड प्रोसेसिंग को तेजी से बढ़ाना होगा. अब एक्सपोर्ट पर तेजी से काम करना होगा. ग्लोबल पैरामीटर के अंदर एग्रो प्रोडक्ट्स होंगे तो अच्छा होगा. पूरी तरह एक नया सेक्टर खुल चुका है.
भारत को डिजिटल पब्लिक टेक्नोलॉजी को देश के कोने-कोने तक पहुंचाना है. हमारा प्रयास कम नहीं होना चाहिए. फास्ट कनेक्टिविटी से जुड़ना होगा. हमे पोर्ट लेयर डेवलपमेंट की ओर बढ़ना होगा. भारत विश्व के लिए बाजार बनकर नहीं रह सकता. हमें हाइपरसोनिक पर लीडर रहना होगा. हमे ग्रीन हाइड्रोजन पर काम करना होगा. हमे दुनिया में तेजी से ऊपर की ओर जाना होगा.
आजतक बिजनेस डेस्क