बिहार के बेगूसराय में बुधवार सुबह एक बार फिर अज्ञात महिला का शव मिलने से सनसनी फैल गई. लाखो थाना क्षेत्र में शाहपुर टोल प्लाजा और इनियार के बीच एनएच-31 से करीब 20-30 फीट नीचे झाड़ियों में करीब 28 से 30 साल की महिला की लाश मिली. राहगीरों को झाड़ियों की ओर से तेज दुर्गंध आई, जिसके बाद नीचे जाकर देखने पर शव पड़ा मिला.
जानकारी फैलते ही घटनास्थल पर स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई. लोगों ने तत्काल लाखो थाना पुलिस को सूचना दी. इसके बाद सदर-वन डीएसपी इमरान अहमद और पुलिस टीम मौके पर पहुंची. अधिकारियों ने छानबीन शुरू की और फॉरेंसिक साइंस लैब (FSL) की टीम को भी बुलाया गया. FSL ने घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य जुटाए और बारीकी से निरीक्षण किया.
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मृतका सलवार-कमीज पहने हुई थी. पुलिस के मुताबिक शव दो-तीन दिन पुराना प्रतीत हो रहा है और उसमें कीड़े लग चुके थे. महिला के एक हाथ पर गोधना (टैटू) से ‘प्रीति’ लिखा हुआ है, जबकि दूसरे हाथ पर चोट का निशान मिला है. पुलिस ने मौके पर मौजूद लोगों की मदद से पहचान कराने का प्रयास किया, लेकिन अब तक मृतका की शिनाख्त नहीं हो सकी है.
पोस्टमार्टम से खुलेगा मौत का राज
सदर-वन डीएसपी इमरान अहमद ने बताया कि मौत की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद स्पष्ट होगी. यह भी पता लगाया जाएगा कि महिला की हत्या कहीं और करने के बाद शव को यहां लाकर फेंका गया या घटना इसी जगह हुई. पुलिस हाल के दिनों में दर्ज महिलाओं की गुमशुदगी (Missing Reports) की फाइलों से शव का मिलान कर रही है.
डीएसपी ने बताया कि हाथ पर लिखे ‘प्रीति’ नाम और महिला के पहनावे के आधार पर सोशल मीडिया तथा पुलिस नेटवर्क की मदद से पहचान कराने की कोशिश की जा रही है. पुलिस का कहना है कि मृतका की पहचान जल्द होने के बाद पूरे मामले का खुलासा किया जा सकेगा. फिलहाल पुलिस हत्या समेत अन्य संभावनाओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है.
इस घटना से पहले 8 सितंबर को तेघड़ा थाना क्षेत्र के आधारपुर बांध किनारे एक अज्ञात युवती का शव मिला था. इसके बाद 15 सितंबर को तेघड़ा थाना क्षेत्र की पिढ़ौली पंचायत के बांध किनारे 22 वर्षीय युवती की लाश बरामद हुई थी. दोनों मामलों में भी हत्या के बाद शव फेंके जाने की आशंका जताई गई थी.
आठ दिन में तीसरा शव, पहचान बनी चुनौती
लगातार सामने आ रहे इन मामलों ने पुलिस की चिंता बढ़ा दी है. आठ दिनों के भीतर तीन अज्ञात महिलाओं के शव बरामद हो चुके हैं. तीनों घटनाओं में हत्या कर शव ठिकाने लगाने की आशंका सामने आई है, हालांकि मौत की वजह और घटनाओं की आपसी कड़ी की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है.
पुलिस के सामने फिलहाल सबसे बड़ी चुनौती तीनों शवों की पहचान स्थापित करना है. पहचान होने के बाद ही यह पता लगाने में मदद मिलेगी कि महिलाओं की मौत कैसे हुई, इनके पीछे कौन है और वारदात की वजह क्या थी. लाखो थाना पुलिस के साथ अन्य संबंधित थानों की पुलिस भी इस दिशा में जानकारी जुटा रही है.
सौरभ कुमार