आठ यूरोपीय देशों ने एक साझा बयान जारी कर डेनमार्क और ग्रीनलैंड के प्रति अपना पूर्ण समर्थन व्यक्त किया है. इन देशों ने आर्कटिक क्षेत्र में चल रहे सैन्य अभ्यास 'पोलर एंड्योरेंस' (Polar Endurance) को नाटो (NATO) की साझा सुरक्षा का एक अहम हिस्सा बताया है. अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा टैरिफ लगाने की हालिया धमकी पर कड़ा रुख अपनाते हुए इन देशों ने चेतावनी दी है कि ऐसी धमकियां ट्रांसअटलांटिक संबंधों को कमजोर करती हैं.
ब्रिटिश प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने भी ट्रंप की टैरिफ की धमकी को पूरी तरह से गलत करार दिया है. स्टार्मर के मुताबिक, ट्रेड वॉर (व्यापार युद्ध) किसी के भी हित में नहीं है और यह वैश्विक अर्थव्यवस्था को नुकसान पहुंचाएगा.
यूरोपीय देशों ने साफ कर दिया है कि वे अपनी संप्रभुता बनाए रखने के लिए किसी भी बाहरी आर्थिक या राजनीतिक दबाव के खिलाफ एकजुट और दृढ़ रहेंगे.
सैन्य अभ्यास 'पोलर एंड्योरेंस' और NATO की सुरक्षा
यूरोपीय देशों ने अपने बयान में जोर दिया कि 'पोलर एंड्योरेंस' केवल एक सैन्य अभ्यास नहीं है, बल्कि यह NATO की सामूहिक सुरक्षा व्यवस्था का प्रतीक है. उन्होंने डेनमार्क और ग्रीनलैंड के लोगों को भरोसा दिलाया कि पूरा यूरोप उनके साथ खड़ा है. साझा सुरक्षा के इस ढांचे को मजबूत बनाए रखना क्षेत्र की स्थिरता के लिए जरूरी बताया गया है, विशेषकर तब जब वैश्विक शक्तियों के बीच तनाव बढ़ रहा है.
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ट्रेड वॉर पर ब्रिटेन का कड़ा रुख
ब्रिटिश प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने एसोसिएटेड प्रेस (AP) की रिपोर्ट के मुताबिक ट्रंप की आर्थिक नीतियों की तीखी आलोचना की है. उन्होंने कहा कि टैरिफ की धमकी देकर व्यापार युद्ध शुरू करना एक बड़ी गलती होगी. स्टार्मर का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय व्यापार के नियमों के खिलाफ जाकर किसी एक देश को निशाना बनाना ट्रांसअटलांटिक गठबंधन की नींव को हिला सकता है, जो दशकों से वैश्विक व्यवस्था का आधार रहा है.
आठ देशों के इस साझा बयान ने यह संदेश दिया है कि वे अपनी नीतियों और संप्रभुता के मामले में किसी भी तीसरे देश के दबाव को स्वीकार नहीं करेंगे.