मिडिल ईस्ट में जारी युद्ध के बीच ईरान और नाटो सदस्य देश बुल्गारिया के बीच कूटनीतिक तनाव चरम पर पहुंच गया है. ईरानी अधिकारियों ने बुल्गारिया को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि वह ईरान के खिलाफ सैन्य अभियानों में शामिल अमेरिकी विमानों को अपने हवाई अड्डों का उपयोग करने की अनुमति न दे.
बुधवार को बुल्गारिया के विदेश मंत्रालय ने इस बात की पुष्टि की है कि ईरान ने पिछले महीने एक आधिकारिक नोट भेजकर विरोध जताया था. यह मामला तब गरमाया जब बुल्गारिया की 'देयर इज सच पीपल' पार्टी के सांसद स्टानिस्लाव बालावानोव ने 18 मार्च का एक सरकारी नोट सार्वजनिक किया. ईरान ने बुल्गारिया के नागरिक हवाई अड्डे वासिल लेव्स्की पर खड़े अमेरिकी सैन्य रिफ्यूलिंग विमानों की मौजूदगी पर कड़ा विरोध जताया था.
ईरान ने अपने संदेश में साफ कहा कि वह अपनी संप्रभुता, सुरक्षा और राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए अंतरराष्ट्रीय कानून के तहत सभी जरूरी कदम उठाने का अधिकार रखता है. यह बयान क्षेत्र में बढ़ते सैन्य तनाव को और गंभीर बनाता है.
ईरानी चेतावनी के बाद बुल्गारिया के उप विदेश मंत्री मारिन रायकोव ने संवाददाताओं के सामने स्थिति स्पष्ट की. उन्होंने कहा, 'बुल्गारिया किसी युद्ध में शामिल नहीं है. हमारे हवाई क्षेत्र से किसी भी लड़ाकू विमान को सैन्य अभियानों के लिए लोड नहीं किया जा रहा है.'
रायकोव ने जोर देकर कहा कि बुल्गारिया के ईरान के साथ राजनयिक संबंध बरकरार हैं और उनमें कोई कड़वाहट नहीं है. उन्होंने स्वीकार किया कि फरवरी के अंत में कुछ अमेरिकी सैन्य विमान सोफिया के नागरिक हवाई अड्डे पर उतरे थे, लेकिन वे नाटो की नियमित 'फॉरवर्ड डिप्लॉयमेंट' का हिस्सा थे, न कि ईरान पर हमले का.
उन्होंने कहा, 'हमारी संसद ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में किसी भी सैन्य कार्रवाई का समर्थन करने का निर्णय नहीं लिया है.'
इस बीच यूरोप के कई देश अमेरिका के सैन्य अभियानों से दूरी बनाते नजर आ रहे हैं. स्पेन ने अपना एयरस्पेस बंद कर दिया है, इटली ने अमेरिकी विमानों को अपने सिगोनेला बेस पर रुकने की अनुमति नहीं दी, जबकि फ्रांस ने अमेरिका-इजरायल के हथियार ले जाने वाली उड़ानों को अपने ऊपर से गुजरने से रोक दिया.