ईरान में दो हफ्ते से ज्यादा लंबे वक्त से प्रदर्शन हो रहे हैं. इन प्रदर्शनों में सरकार और सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के विरोध में नारे लगाए जा रहे हैं. इन्हीं प्रदर्शनों के बीच सोमवार को राजधानी तेहरान के कई इलाकों में सरकार के समर्थन में रैलियां की गईं. इन रैलियों का मकसद देशभर में हो रहे उन विरोध प्रदर्शनों का मुकाबला करना था, जिनमें खामेनई की सत्ता को चुनौती दी जा रही है.
खामेनेई ने इस्लामिक रिपब्लिक के समर्थन में हुई एक रैली की तस्वीर साझा करते हुए कहा, 'अल्लाह के नाम पर, जो बहुत मेहरबान और रहम करने वाला है. महान ईरानी राष्ट्र. आज आपने एक महान काम किया और एक ऐतिहासिक दिन बनाया.'
इन रैलियों को संबोधित करते हुए खामेनेई ने कहा, 'आपकी पक्की हिम्मत से भरी इन बड़ी रैलियों ने विदेशी दुश्मनों की साजिशों को पूरी तरह नाकाम कर दिया है.'
खामेनेई ने कहा, 'महान ईरानी राष्ट्र ने दुश्मनों के सामने खुद को साबित किया है. ये अमेरिकी नेताओं के लिए एक चेतावनी थी कि उन्हें अपने धोखे भरे काम बंद कर देने चाहिए और अपने देशद्रोही भाड़े के टट्टुओं पर भरोसा करना छोड़ देना चाहिए.'
उन्होंने कहा, 'ईरान एक मजबूत और शक्तिशाली राष्ट्र है. वो अपने दुश्मन को जानता है और उससे निपटने के लिए हमेशा मैदान में रहता है.'
कितने बड़े पैमाने पर हो रहे हैं प्रदर्शन?
ईरान में 28 दिसंबर से सरकार विरोधी प्रदर्शन हो रहे हैं. अमेरिका स्थित ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट न्यूज एजेंसी (HRANA) के मुताबिक, इन विरोध प्रदर्शनों में अब तक लगभग 600 लोग मारे जा चुके हैं. इन प्रदर्शनों में अब तक 10,600 से ज्यादा लोगों को हिरासत में लिया जा चुका है. जानकारी के मुताबिक, राजधानी तेहरान से शुरू हुए विरोध प्रदर्शन अब ईरान के सभी 31 प्रांतों तक फैल चुके हैं. बताया जा रहा है कि ईरान में 500 से ज्यादा विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं.