पेरिस आतंकवादी हमलों के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा इराक और सीरिया में इस्लामिक स्टेट समूह के खिलाफ सैन्य कार्रवाई बढ़ाने पर विचार कर सकते हैं. हालांकि हवाई फायरिंग तेज होने के फिलहाल कोई संकेत नहीं हैं.
लंबे समय से पश्चिम एशिया के विशेषज्ञ रहे एंथनी कोरडेसमैन ने कहा, ‘ पर बमबारी करने के लिए आप पाषाण युग में नहीं जा सकते.’ कोरडेसमैन और अन्य अमेरिकी रक्षा विशेषज्ञों ने कहा कि ओबामा इराकी बलों और सीरिया में आईएस विरोधी लड़ाकों के साथ अमेरिकी सैन्य सलाहकारों को अग्रिम मोर्चे पर तैनात कर देश की भागीदारी को और बढ़ा सकते हैं. लेकिन स्थानीय बलों के लिए अमेरिकी समर्थन तेज करने को लेकर इस तरह के कदम का तुरंत नतीजा निकलने की संभावना नहीं है.
कोरडेसमैन को लगता है कि का होना लाजमी है और निकट भविष्य में इसका कोई हल नहीं है. जॉर्ज वाशिंगटन यूनिवर्सिटी में अंतरराष्ट्रीय मामलों के प्रोफेसर स्टीफेन बिडल ने बताया कि पेरिस हमला से आईएस के खिलाफ सैन्य कार्रवाई बढ़ाना राजनीतिक रूप से जरूरी हो जाएगा, हालांकि उनका मानना है कि जमीनी स्तर पर अमेरिकी युद्ध शुरू करना गलती होगी.
-इनपुट एपी