पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के हेलिकॉप्टर के पास एक रहस्यमय ड्रोन दिखने से शनिवार को मालदा जिले के मालतीपुर इलाके में हड़कंप मच गया. इस अजीबोगरीब घटना ने मुख्यमंत्री की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं और तत्काल जांच के आदेश दिए गए हैं. यह घटना उस समय हुई जब ममता बनर्जी मालतीपुर में अपनी जनसभा को संबोधित करने के बाद हेलिकॉप्टर में सवार होने जा रही थीं. यह उस दिन जिले में उनकी दूसरी रैली थी. इससे पहले उन्होंने माणिकचक में एक सभा को संबोधित किया था और इसके बाद उन्हें गाजोल में तीसरी रैली के लिए रवाना होना था.
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, जैसे ही मुख्यमंत्री हेलिपैड पर हेलिकॉप्टर के पास पहुंचीं, एक ड्रोन उसके सामने मंडराता हुआ दिखाई दिया. इसे देखते ही ममता बनर्जी कुछ पल के लिए रुक गईं और माइक संभालते हुए पुलिस को सतर्क रहने के निर्देश दिए. उन्होंने कहा, 'पुलिस को इस पर नजर रखनी चाहिए. इसके पीछे जो लोग हैं, उनकी पहचान की जानी चाहिए.'
फिलहाल इस ड्रोन का स्रोत और उद्देश्य स्पष्ट नहीं हो सका है. अधिकारियों ने भी यह पुष्टि नहीं की है कि प्रतिबंधित हवाई क्षेत्र में यह ड्रोन कैसे पहुंचा. घटना के बाद पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां मामले की जांच में जुट गई हैं.
70 मिनट तक चक्कर लगाता रहा हेलिकॉप्टर
गौरतलब है कि हाल के दिनों में मुख्यमंत्री की हवाई यात्रा के दौरान कई बाधाएं सामने आई हैं. 26 मार्च को खराब मौसम के कारण उनका विमान समय पर कोलकाता हवाई अड्डा पर नहीं उतर सका था और करीब 70 मिनट तक शहर के ऊपर चक्कर लगाता रहा. इस दौरान बेहाला फ्लाइंग क्लब में भी लैंडिंग की कोशिशें असफल रहीं, जिसके बाद अंततः विमान दमदम हवाई अड्डे पर उतरा. इस घटना के बाद ममता बनर्जी ने पायलटों की सराहना की थी.
इसके अलावा 1 अप्रैल को मुर्शिदाबाद जिले के बरनाया में एक रैली के बाद उनके हेलिकॉप्टर को खराब मौसम का सामना करना पड़ा था, जिसके कारण वह निर्धारित स्थान नबाग्राम में उतर नहीं सका. पायलट ने सुरक्षित तरीके से हेलिकॉप्टर को वापस मूल स्थान पर उतारा, जिसके बाद मुख्यमंत्री ने सड़क मार्ग से अपना कार्यक्रम पूरा किया.
मालदा में ड्रोन दिखने की ताजा घटना ने अब मुख्यमंत्री के चुनावी दौरे के दौरान सुरक्षा इंतजामों पर नए सिरे से सवाल खड़े कर दिए हैं.