पश्चिम बंगाल में बीजेपी की प्रचंड जीत पर ममता बनर्जी की दो लेडी स्टार की प्रतिक्रिया आई है. लोकसभा सांसद महुआ मोइत्रा ने कहा है कि हमने एक ऐसे पिच पर अकल्पनीय लड़ाई लड़ी जो समतल थी ही नहीं. महुआ ने कहा है कि वे एक सेकुलर भारत के लिए लड़ाई लड़ती रहेंगी. वहीं इस चुनाव में टीएमसी की ओर से स्टार प्रचारक रहीं सयानी घोष ने कहा कि अब यहां से यह लड़ाई और भी ज़्यादा तेज और ज़ोरदार होती जाएगी. उन्होंने कहा कि एक पार्टी के तौर पर हमने हर मुश्किल का डटकर मुकाबला किया है.
पश्चिम बंगाल में 15 साल बाद बीजेपी पहली बार सरकार बनाने जा रही है. 294 वाली विधानसभा में बीजेपी को 207 सीटें मिली हैं, जबकि टीएमसी 80 सीटों पर सिमट गई है. ममता बनर्जी खुद भवानीपुर सीट से चुनाव हार गई हैं.
इन नतीजों पर महुआ मोइत्रा ने प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने एक्स पर लिखा, "जनता की इच्छा ही सर्वोपरि है. अगर बंगाल BJP चाहता था तो उसे BJP मिल गई. हम इसका सम्मान करते हैं. हमने एक असमान पिच पर, अकल्पनीय मुश्किलों के बावजूद, पूरी हिम्मत से लड़ाई लड़ी; और इसके लिए मुझे अपने नेता और अपनी पार्टी पर गर्व है. हम एक ऐसे धर्मनिरपेक्ष देश के लिए खड़े रहेंगे और लड़ते रहेंगे, जहां संविधान ही अंतिम शब्द हो, न कि प्रचंड बहुमत की ताकत. जय हिंद."
इस चुनाव में महुआ मोइत्रा ममता बनर्जी की विश्वस्त लेफ्टिनेंट थीं. उन्होंने इस चुनाव में जोरशोर से प्रचार किया था.
इस चुनाव में अपने गानों और अनोथी भाषण शैली से चर्चा में रहने वालीं टीएमसी सांसद सयानी घोष ने भी टीएमसी की हार पर प्रतिक्रिया दी है. सयानी ने एक्स पर लिखा, "मैं पूरी विनम्रता के साथ बंगाल की जनता के उस जनादेश को स्वीकार करती हूं जो भारतीय जनता पार्टी के पक्ष में आया है. मैं बंगाल की 'मां, माटी और मानुष' का धन्यवाद करती हूं, जो हर सुख-दुख में हमारे साथ खड़े रहे. जाधवपुर लोकसभा क्षेत्र के लोगों की सेवा करने के लिए एक निर्वाचित प्रतिनिधि के तौर पर पूरी तरह समर्पित रहते हुए, बिना किसी डर के और सिर ऊंचा करके, मैं अपनी नेता ममता बनर्जी के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध हूं. मैं लोकतंत्र और इस महान राष्ट्र की एकता को बचाने के लिए उनके साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ी हूं."
सयानी घोष ने लिखा है कि "एक पार्टी के तौर पर हमने हर मुश्किल का डटकर मुकाबला किया है. चाहे वह केंद्रीय एजेंसियों द्वारा हमें परेशान करना हो या 'साइलेंट इनविजिबल रिगिंग' (चुपचाप की गई धांधली); केंद्र सरकार द्वारा आर्थिक नाकेबंदी हो या मीडिया ट्रायल, गिरफ्तारियां, झूठे मुकदमे, हमने हर चुनौती का सामना किया है."
सांसद घोष ने कहा है कि अब यहां से आगे की लड़ाई और भी ज़्यादा तेज और जोरदार होने वाली है. उन्होंने कहा है कि अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस बंगाल और पूरे देश की 'मां, माटी और मानुष' के अधिकारों को सुनिश्चित करने के लिए अपनी यह नेक लड़ाई जारी रखेगी.
'मदीना' गीत से चर्चित हुईं सयानी
इस चुनाव में सयानी घोष द्वारा गाया गया एक गीत काफी चर्चा में रहा. सयानी ने एक सभा में गीत गाया, "एकबार छेड़े दे नौका माझी, जाबो मदीना... आमार हृदय माझे काबा, नयाने मदीना... यानी कि मांझी नाव छोड़ दो, मैं मदीना जाऊंगी. मेरे दिल में काबा है और आंखों में मदीना.
बीजेपी ने आरोप लगाया कि सयानी ने इस मुस्लिम समुदाय के ध्रुवीकरण के लिए ये गीत गाया.