उत्तर प्रदेश के शामली जिले के झिंझाना निवासी कुख्यात गैंगस्टर फिरोज खान का एक वीडियो मंगलवार को सोशल मीडिया पर वायरल हो गया. इस वीडियो में फिरोज खान ने पुलिस प्रशासन के अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उसने दावा किया है कि उसके एनकाउंटर के लिए एक करोड़ रुपये की सुपारी ली गई है और पुलिस प्रशासन उसके खिलाफ साजिश कर रहा है.
फिरोज खान का यह वीडियो ऐसे समय सामने आया है जब छह दिन पहले जिलाधिकारी अरविंद चौहान के आदेश पर झिंझाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए उसकी करीब 30 करोड़ रुपये की संपत्ति कुर्क की थी. इस कार्रवाई में एसडीएम ऊन, एसपी शामली एनपी सिंह, सीओ केराना, झिंझाना थाना प्रभारी वीरेंद्र कसाना समेत पुलिस टीम शामिल थी. पुलिस ने फिरोज खान की अवैध संपत्तियों पर नोटिस बोर्ड लगाकर उन्हें बदमाशी से अर्जित संपत्ति बताया था.
कुख्यात गैंगस्टर फिरोज खान वीडियो वायरल
वीडियो में फिरोज खान ने कहा कि उसके खिलाफ फर्जी गैंगस्टर एक्ट लगाया गया है. उसने दावा किया कि इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उसकी गिरफ्तारी पर स्थगन आदेश दे रखा है, इसके बावजूद पुलिस प्रशासन ने उसकी संपत्ति कुर्क कर दी. उसने इलाहाबाद में तैनात एक डीआईजी अजय पाल शर्मा का नाम लेते हुए कहा कि उसके एनकाउंटर के लिए एक करोड़ रुपये की सुपारी दी जा चुकी है.
फिरोज खान ने आरोप लगाया कि पुलिस कर्मचारी न्यायालय के आदेशों को नहीं मानते और धमकी देते हैं कि अगर कोर्ट कचहरी के चक्कर में पड़ोगे तो दीवार पर चिपका दिए जाओगे. उसने वीडियो में कहा कि अगर उसके साथ कोई हादसा होता है तो इसके जिम्मेदार पुलिस प्रशासन के अधिकारी होंगे. वीडियो में उसने यह भी कहा कि अगर उसे आगे भी परेशान किया गया तो वह आत्महत्या कर लेगा. वीडियो में अधिकारियों के नाम लिखा पर्चा, दीवारों पर लगे नोटिस बोर्ड और छत के कुंडे में बंधी रस्सी भी दिखाई दे रही है.
पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप
इस मामले पर शामली के पुलिस अधीक्षक एनपी सिंह ने प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने कहा कि यदि फिरोज खान को गिरफ्तारी पर स्थगन आदेश मिला है तो उसकी सत्यापित प्रति नियम के अनुसार संबंधित कार्यालय और विवेचन अधिकारी को उपलब्ध करानी होगी. एसपी ने कहा कि वायरल वीडियो के जरिए फिरोज खान लोगों को भ्रमित कर सहानुभूति हासिल करने की कोशिश कर रहा है.