आज तक के 'ऑपरेशन सरकार-II' में नोएडा के रायपुर खादर क्षेत्र में यमुना नदी के बीचों बीच चल रहे अवैध खनन के खुलासे का असर दिखने लगा है. स्टिंग ऑपरेशन में प्रशासन के दावों की पोल खुलने के बाद खनन विभाग ने नींद से जागते हुए सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है. जेवर, दादरी, दनकौर, कासना समेत कई इलाकों में जांच के दौरान अवैध खनन और रेत परिवहन के मामले सामने आए हैं.
गौतम बुध नगर के खनन अधिकारी उत्कर्ष त्रिपाठी के मुताबिक दिसंबर 2025 के दौरान अवैध उपखनिज का परिवहन करते पाए जाने पर 33 डंपरों को सीज किया गया है और कुल 12.39 लाख रुपये से अधिक का जुर्माना वसूला गया है. वहीं 2 जनवरी, 2026 को रायपुर खादर में नदी की जलधारा से अवैध खनन के साक्ष्य मिलने पर 5 लाख रुपये का अतिरिक्त जुर्माना लगाया गया और एफआईआर दर्ज कराने की कार्रवाई की गई.
अवैध खनन से न केवल सरकार को राजस्व का भारी नुकसान हो रहा है, बल्कि पर्यावरण और नदी तंत्र को भी गंभीर खतरा पैदा हो रहा है. गौतम बुद्ध नगर की जिलाधिकारी मेधा रूपम और अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) अतुल कुमार के नेतृत्व में उपखनिज के अवैध खनन एवं परिवहन पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए उत्तर प्रदेश खनन विभाग द्वारा निरंतर कार्रवाई की जा रही है.
इसी क्रम में 02 जनवरी 2026 को डिप्टी कलेक्टर गौतम बुद्ध नगर, तहसीलदार दादरी एवं खनन अधिकारी द्वारा ग्राम रायपुर खादर (तहसील दादरी) में स्थित खनन पट्टा क्षेत्र का निरीक्षण किया गया. जांच में नदी की जलधारा में अवैध खनन के साक्ष्य मिलने पर नियमानुसार 05 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया और एफआईआर दर्ज कराने की कार्रवाई शुरू की गई. जिला खनन अधिकारी उत्कर्ष त्रिपाठी ने कहा कि जिलाधिकारी के निर्देशों के अनुपालन में अवैध खनन एवं परिवहन के खिलाफ कठोर कार्रवाई आगे भी निरंतर जारी रहेगी.