आगरा में अवैध धर्मांतरण गिरोह के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए कमिश्नरेट पुलिस और यूपी एटीएस की संयुक्त टीम ने चार और आरोपियों को गिरफ्तार किया है. इस कार्रवाई के बाद अब तक इस मामले में कुल 18 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है. पुलिस का कहना है कि मामले की जांच अभी जारी है.
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों में तलमीज उर रहमान, परवेज अख्तर, जतिन कपूर और मौलाना हसन शामिल हैं. इनमें से तलमीज, परवेज और जतिन दिल्ली के रहने वाले हैं, जबकि हसन मोहम्मद राजस्थान का निवासी बताया गया है.
अलग-अलग भूमिकाओं में काम करता था पूरा गैंग
जांच में सामने आया है कि तलमीज़ उर्फ रहमान लोगों को धर्मांतरण के लिए प्रेरित करता था. वहीं मौलाना हसन धर्म परिवर्तन के बाद निकाहनामा तैयार करने और उसे प्रमाणित करने का काम करता था. परवेज अख्तर की भूमिका लड़कियों को दिल्ली में ठहराने और उनके लिए लॉजिंग की व्यवस्था करने की थी.
इसके अलावा जतिन कपूर सोशल मीडिया के जरिए लोगों का ब्रेनवॉश कर उन्हें धर्मांतरण के लिए तैयार करता था. पुलिस के मुताबिक, इस पूरे नेटवर्क को विदेश में बैठा एक आरोपी दाऊद संचालित कर रहा था. वही इस गिरोह को फंडिंग भी करता था. कार्रवाई के दौरान उसकी संपत्ति भी कुर्क की गई है.
विदेश से हो रही थी फंडिंग, आरोपी दाऊद की संपत्ति कुर्क
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह एक संगठित गिरोह है, जो अलग-अलग भूमिकाओं के जरिए लोगों को अपने जाल में फंसाता था. फिलहाल सभी आरोपियों से पूछताछ की जा रही है और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश जारी है. इस कार्रवाई के बाद सुरक्षा एजेंसियां पूरे मामले को गंभीरता से लेकर जांच में जुटी हुई हैं.