उत्तर प्रदेश के शामली से नौकरी दिलाने के नाम पर फ्रॉड का हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है. यहां रहने वाले हलवाई नरेंद्र कुमार को जालसाजों ने पांच साल पहले दिल्ली में अपनी कंपनी में चाय बनाने की नौकरी का झांसा दिया. फिर चांदनी चौक स्थित एचडीएफसी बैंक की शाखा में उसका खाता खुलवाया. इसके बाद उसके खाते से 239 करोड़ रुपये का लेनदेन कर लिया. एक साल पहले पीड़ित को आयकर विभाग की तरफ से नोटिस आया तो हलवाई के होश उड़ गए.
50 वर्षीय नरेंद्र कुमार ने बताया कि वो महीने में मुश्किल से एक हजार रुपये कमा पाता है. साल 2018 में उसके पास गांव नाला निवासी जितेंद्र कुमार किराए के मकान में रहता था उसने दिल्ली में नौकरी दिलाने के हसीन सपने में दिखाए और अपने जाल में फंसाया. जितेंद्र ने नरेंद्र से दिल्ली में अच्छी तनख्वाह और कंपनी की तरफ से रहने खाने का भरोसा दिलाया और अजय चौधरी नाम के शख्स से मिलवाया. फिर उसका आधार कार्ड, पैन कार्ड और फोटो लेकर एचडीएफसी बैंक शाखा चांदनी चौक में खाता खुलवाया. उससे बोला गया कि कंपनी की सैलरी सीधे अकाउंट में आएगी.
हलवाई के खाते से हुई 239 करोड़ की कर ली लेनदेन
बैंक कर्मचारियों के साथ मिलकर कई कागजों पर उसके हस्ताक्षर करवाए. इसके बाद उसे यह कहकर वापस भेज दिया कि कुछ समय बाद उसकी नौकरी का कार्य स्थल बता दिया जाएगा. कुछ समय बाद नरेंद्र ने जितेंद्र से नौकरी के बारे में पूछा तो उसने बहना बनाकर उसे टाल दिया. कुछ समय बाद अपने किराए वाले मकान को खाली कर चला गया. पीड़ित नरेंद्र ने बताया कि उसने फोन कर जितेंद्र से नौकरी के बारे में पूछा तो उसने कहा कि अजय ने किसी दूसरे को नौकरी पर रख लिया है. जब उसने अपने कागज मांगे तो वापस नहीं दिए.
पीड़ित के मुताबिक पिछले साल 14 मार्च 2023 को आयकर विभाग शामली की तरफ से उसे एक पत्र मिला. जिसमें एचडीएफसी बैंक शाखा चांदनी चौक नई दिल्ली में एक खाते में 2018-19 और 2019 में 236,703,9481 रुपये की धनराशि जमा कर 236,550,2547 रुपये की निकासी की गई है. पूछताछ पर पता चला है कि वह खाता कृष्ण एवर सीज फार्म का है, जो तृतीय फ्लोर नया बाजार नॉर्थ दिल्ली के नाम से संचालित हो रहा है.
इनकम टैक्स का नोटिस आने के बाद उड़े शख्स के होश
पीड़ित नरेंद्र ने बताया कि वो ऐसी किसी फर्म का प्रोपराइटर नहीं है और उनके साथ धोखाधड़ी कर लेनदेन किया गया है. पीड़ित ने इसकी शिकायत वित्त मंत्रालय, रिज़र्व बैंक परिवर्तन निदेशालय, दिल्ली और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री के अलावा शामली के डीएम एसपी से की है. कोई कार्रवाई न होने पर उसे न्यायालय की शरण में जाना पड़ा. इस मामले पर आदर्श मंडी थाना प्रभारी सचिन शर्मा ने बताया कि कोर्ट के आधार पर मामला दर्ज किया गया है अब पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है