कर्नाटक के कलाबुर्गी जिले में पुलिसवालों ने 40 साल बाद 'नींबू चोर' को पकड़ लिया है. पकड़े गए व्यक्ति ने 16 नवंबर 1976 को नींबू चुराए थे.
व्यक्ति का नाम दशरथ पराडी है. दशरथ की उम्र अब 57 साल हो चुकी है. दशरथ ने जब यह चोरी की थी तब नींबुओं की कीमत 300 रुपये थी. 40 साल पहले कलाबुर्गी के पास गोला गांव के एक खेत में बोरे के अंदर पड़े नींबू पराडी ने चुरा लिए थे. यह खेत शंकर गौड़ा पाटिल नाम के व्यक्ति का था. लेकिन चोरी की शिकायत पांडु गुंडु चौहान ने की थी, जो उसी .
चौहान का कुछ दिन पहले ही देहांत हुआ है. लेकिन पुलिस के सामने अपने बयान में उसने नींबू चोरी को लेकर दशरथ पराडी पर शक जाहिर किया था. हालांकि इसके बाद से दशरथ पराडी गायब था और पुलिस की सारी कोशिशें नाकाम रहीं.
दो महीने खोजने के बाद मिला दशरथ पराडी
असल में हुआ यूं कि इस साल जनवरी महीने में कालबुर्गी जिले की पुलिस ने पुराने लंबित पड़े मामलों पर नजर डाली और आरोपियों का पता बताने वालों को कैश प्राइज देने की घोषणा भी की. इनमें से एक केस दशरथ पराडी का भी था. इसके बाद एक स्पेशल टीम मे पराडी को तलाशना शुरू कर दिया. दो महीने बाद पुलिस की टीम को कलाबुर्गी से 30 किलोमीटर दूर ताज सुल्तानपुर गांव में इसी नाम के व्यक्ति का पता लगाया.
इसके बाद पुलिस की टीम बनकर पराडी के पास पहुंची और उससे सवाल-जवाब किए. इस दौरान व्यक्ति ने माना कि वह 1976 में गोला गांव में रहता था. इसके बाद अधिकारियों ने खुलासा किया कि वे पुलिसवाले हैं न कि सरकारी अफसर. इसके बाद पराडी ने अपना अपराध कबूल कर लिया. पराडी ने यह भी बताया कि उसने अफजलपुर के एक मेले में चुराए हुए नींबू बेचे थे.