साहित्य आज तक लखनऊ (Sahitya Aaj Tak Lucknow) भारतीय साहित्य, संगीत और कला का एक भव्य उत्सव है, जहां भाषा, विचार और रचनात्मकता एक साथ जीवंत हो उठते हैं. भारत के सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ चैनल आज तक की पहल पर शुरू हुआ यह वार्षिक साहित्य और लाइव म्यूज़िक फेस्टिवल हर साल नए आयाम स्थापित कर रहा है.
14 और 15 फरवरी 2026 को लखनऊ एक बार फिर इस दो दिवसीय सांस्कृतिक महोत्सव का साक्षी बनेगा. इस आयोजन में कविता, संगीत, नाटक, विचार-विमर्श और लाइव परफॉर्मेंस का रंगारंग संगम देखने को मिलेगा, जो दर्शकों को एक यादगार अनुभव प्रदान करेगा.
आज तक का उद्देश्य इस मंच के माध्यम से युवा पीढ़ी को भारतीय भाषा, साहित्य, संस्कृति और संगीत की जड़ों से जोड़ना है, ताकि साहित्य केवल पुस्तकों तक सीमित न रहकर जन-जन तक पहुँचे. कवि सम्मेलन, विचार संवाद और जीवंत प्रस्तुतियों के ज़रिए यह आयोजन साहित्य को नए और आधुनिक रूप में प्रस्तुत करता है.
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में 'साहित्य आजतक 2026' का मंच सज चुका है. पहले दिन 'गर्व से कहो हम हिंदू हैं' सेशन में प्रोफेसर संजीव के शर्मा और पोएट एंड ऑथर यतिंद्र मिश्रा ने शिरकत की. दोनों ने हिंदू होने के आत्मबोध पर अपने विचार साझा किए. देखें वीडियो.
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में 'साहित्य आजतक 2026' का मंच सज चुका है. दूसरे दिन 'सच और झूठ के बीच कविता' सेशन में कवयित्रियों- सुशीला पुरी और पल्लवी विनोद ने शिरकत की. दोनों ने कविताओं में कल्पनाशीलता और सच के बीच करीबी या अंतर पर अपनी बातें रखीं. देखें वीडियो.
साहित्य आजतक लखनऊ-2026 के मंच से अवध की सांस्कृतिक विरासत को जीवंत करते हुए कवि यश मालवीय की कविताओं और यादगार किस्सों से बसंत और फाग के रंगों को प्रस्तुत किया.
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में 'साहित्य आजतक 2026' का मंच सज चुका है. पहले दिन 'काशी, प्रयाग और अवध में बसंत और फाग' सेशन में कवि और लेखक यश मालवीय शामिल हुए. जिसमें उन्होंने अपनी कविताओं के जरिए बसंत और फाग के रंगों को प्रस्तुत किया, जिसने अवध की यादें उकेर दीं. देखें वीडियो.
'साहित्य आजतक 2026' के मंच पर 'द पावर स्टार' सेशन में जाने-माने भोजपुरी सिंगर और राजनेता पवन सिंह खासताैर पर आमंत्रित थे. इस दौरान एक्ट्रेस महिमा सिंह ने पवन सिंह के पैर छुए तो एक्टर ने उन्हें लगा लिया गले. देखें वीडियो.
'साहित्य आजतक लखनऊ 2026' में 'मुशायरा-ए-लखनऊ' सेशन में वसीम बरेलवी जैसे नामचीन शायर ने शिरकत की. उन्होंने अपनी शेरों-शायरी से महफिल में चार चांद लगा दिए. दर्शकों ने इन शायरों को जमकर सराहा. देखें वीडियो.
साहित्य आजतक 2026' उत्सव के सत्र 'हंसते हंसते कट जाए रास्ते' में कॉमेडियंस एंड मिमिक्री आर्टिस्ट ने जमकर ठहाकों के तड़के लगाए. कॉमेडियन एंड मिमिक्री आर्टिस्ट दीपक सैनी ने जो लालू प्रसाद यादव की मिमिक्री कर रंग जमा दिया. देखें वीडियो.
'साहित्य आजतक 2026' के दौरान 'अपराध, माफिया और कहानियां' सेशन में वहां मौजूद एक दर्शक ने मशहूर क्राइम रिपोर्टर शम्स ताहिर खान से पूछा कि क्राइम रिपोर्टिंग में सच और TRP में से क्या अहम है? क्या था शम्स का जवाब, जानने के लिए देखें वीडियो.
साहित्य आजतक लखनऊ में शायर हिमांशु बाजपेयी ने कहा कि लखनऊ की जुबान और अंदाज अपनी एक अलग खासियत रखता है. दिल टूटने की तकलीफ को यहां के लोग बेहद नजाकत से व्यक्त करते हैं जो कि उनके शायराना और ठुमकते हुए बोली में झलकती है. यह अंदाज सिर्फ लखनऊ में ही देखने को मिलता है, जिसे वहां की भाषा का इत्र कहा जाता है.
'साहित्य आजतक 2026' के सेशन 'लखनऊ की नई आवाजें' में आरजे रफत ने कहा कि लोगों को अक्सर यह लगता है कि RJ कॉमेडियन्स या मिमिक्री आर्टिस्ट होते हैं. असल में आरजे का अपना अलग और अनोखा स्टाइल होता है जिसमें वे इन्फोटेनमेंट के जरिए खबरों और सूचनाओं को मनोरंजक ढंग से प्रस्तुत करते हैं.
साहित्य आजतक 2026 के सेशन 'लखनऊ की नई आवाजें' सेशन में आरजे रफत ने अपने अनुभव शेयर किए. साथ ही रेडियो, पॉडकास्ट और कंटेंट क्रिएशन की बारीकियां भी समझाईं. देखें वीडियो.
'साहित्य आजतक 2026' के मंच पर 'इजहार-ए-इश्क' करते हुए नौजवान शायरा चेतना बल्हारा ने हर किसी का दिल जीता. जिसमें बतौर-ए-खास थी कि मेरी आंखों में देखोगे तो मुझको जान जाओगे. देखें वीडियो.
'साहित्य आजतक 2026' में आमंत्रित पॉडकास्टर मनवेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि लखनऊ के पुराने दिनों को ज्यादातर लोग केवल खाने और तहजीब से जोड़कर देखते थे, लेकिन नया लखनऊ इससे कहीं ज्यादा है. आज का लखनऊ अपनी परंपराओं और तहजीब को बनाए रखते हुए तेजी से बदल रहा है. यहां के युवा, चाहे लड़के हों या लड़कियां, स्टार्टअप्स और विभिन्न क्षेत्रों में सक्रिय हैं. नया लखनऊ अपने इंफ्रास्ट्रक्चर के साथ-साथ लोगों के सोचने के तरीके में भी बदलाव ला रहा है.
'साहित्य आजतक 2026' के मंच पर आमंत्रित आरजे रफत ने कहा कि मैं आपको सच बताना चाहती हूं कि आजकल कई लड़कियां, जो कपड़े उतारकर रील्स बनाती हैं, बड़ी-बड़ी गाड़ियां घर लाती हैं. ये पैसे वे इंस्टाग्राम से नहीं कमा रही, बल्कि ओनली फैंस जैसे प्लेटफॉर्म के जरिए कमा रही हैं. इस तरह के प्लेटफॉर्म पर यूजर्स को बात करने या मैसेज भेजने के लिए पैसे देना होता है और लड़कियों को इससे भारी इनकम होती है. हर बातचीत के साथ पैसे लिए जाते हैं और इसी वजह से अश्लीलता में वृद्धि हो रही है.
पवन सिंह ने भोजपुरी इंडस्ट्री में अश्लीलता को लेकर उठते सवालों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि अन्य इंडस्ट्रीज में अच्छाई और बुराई दोनों होती हैं, लेकिन भोजपुरी के प्रति अलग नजरिया बनता है. साथ ही कहा कि वो जब भी किसी मंच या देश के किसी कोने में जाते हैं, तो अश्लीलता को लेकर बातें जरूर होती हैं.
साहित्य आजतक के मंच से भोजपुरी स्टार पवन सिंह ने भोजपुरी इंडस्ट्री पर उठते सवालों को लेकर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि प्रसिद्ध गाने जैसे मुन्नी बदनाम हुई, डार्लिंग तेरे लिए और बेबी को बेस जैसे गाने क्या हैं और इनके बारे में क्या कहा जाता है. यहाँ बताया गया है कि हर इंडस्ट्री में अच्छाई और बुराई दोनों होती है.
साहित्य आजतक लखनऊ के मंच से भोजपुरी स्टार पवन सिंह ने भोजपुरी इंडस्ट्री पर उठने वाले प्रशनों को लेकर जवाब देते हुए कहा कि हर बार यह सवाल हर मंच से उठाया जाता है और बार बार उठाया जाता है तो आदमी कितनी बार जवाब देगा.
पवन सिंह ने लॉलीपॉप गाने पर बात करते हुए बताया कि आज जो टर्न लिया है, दुनिया के किसी भी कोने में शूटिंग करते समय यदि वहां एक हज़ार लोग मौजूद हों तो उनमें से 105 लोग जरूर आते हैं, लेकिन ये फैंस भारत में नहीं बल्कि भारत के बाहर हैं.
साहित्य आजतक लखनऊ के मंच से पवन सिंह ने 'लॉलीपॉप' गाने पर बात करते हुए बताया कि म्यूजिक डायरेक्टर विनय विनायक के साथ मिलकर एक खास गाना बनाया गया. गाना 'लॉलीपॉप' थी और इसे बनाने में काफी मेहनत और लगन झलकती है. गाना रिलीज होने के बाद शुरुआत में रिस्पॉन्स नहीं मिला लेकिन पूरी टीम मेहनत करती रही.
साहित्य आजतक लखनऊ के मंच से एक्ट्रेस तापसी पन्नू ने टीम वर्क पर बात करते हुए कहा कि हम सभी एक ही टीम के भाग हैं, और अगर हम साथ में काम नहीं करेंगे तो आगे बढ़ना मुश्किल होगा. फिल्मों की मेरी फिल्मोग्राफी देखें तो ज्यादातर काम पुरुषों द्वारा लिखा और निर्देशित किया गया है.
'साहित्य आजतक लखनऊ 2026' का समापन एक शानदार म्यूजिकल अंदाज में किया गया. जाने-माने पंजाबी सिंगर जसबीर जस्सी ने साहित्य आजतक की शाम को अपनी शानदार परफॉरमेंस से और भी खास बना दिया. उन्होंने 'तेरे इश्क नचाया', 'मेरा पिया घर आया' जैसे सूफी गाने गाए, जिन पर दर्शक झूम उठे. देखें वीडियो.