मक्का (Mecca) विश्व की सबसे प्राचीन और पवित्र नगरी मानी जाती है, जो आज के सऊदी अरब में स्थित है. यह इस्लाम धर्म का सबसे महत्वपूर्ण तीर्थ स्थान है, जहां हर साल दुनिया भर से लाखों मुसलमान हज और उमरा करने आते हैं. मक्का का धार्मिक महत्व इतने वर्षों से बना हुआ है कि इसे इस्लाम का आध्यात्मिक केंद्र कहा जाता है.
इस पवित्र शहर के मध्य में स्थित है मस्जिद-अल-हरम, जिसके भीतर काबा शरीफ है. मुसलमान काबा की ओर मुंह करके नमाज पढ़ते हैं, इसलिए यह दिशा किबला कहलाती है. काबा का इतिहास अत्यंत प्राचीन है और माना जाता है कि इसकी स्थापना पैगंबर इब्राहिम और उनके पुत्र इस्माइल ने की थी.
मक्का न सिर्फ धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि ऐतिहासिक और सांस्कृतिक रूप से भी समृद्ध रहा है. पुराने समय में यह व्यापार का बड़ा केंद्र था और अरब के विभिन्न हिस्सों को जोड़ता था. आज यह आधुनिक सुविधाओं से युक्त, विश्वस्तरीय प्रबंधन और सुरक्षा वाले शहरों में गिना जाता है.
हज के दिनों में मक्का की व्यवस्थाएं दुनिया के सामने एक अनुशासन और आस्था की मिसाल प्रस्तुत करती हैं. यह शहर अपने आध्यात्मिक वातावरण, ऐतिहासिक धरोहर और अद्भुत आस्था की शक्ति से हर आगंतुक के मन में शांति और श्रद्धा का संचार करता है.
मध्य भारत में सूखी-गर्म हवाओं के ब्लॉकेज से मॉनसून की रफ्तार धीमी पड़ गई है. 20 जून तक मॉनसून के सुस्त रहने की आशंका है, जिससे खरीफ फसलों की बुवाई और मिट्टी की नमी प्रभावित हो सकती है.
सोशल मीडिया पर एक अनोखे छाते की तस्वीरें और वीडियो वायरल हो रहे हैं. सऊदी अरब के हज और उमराह मंत्रालय की ओर से हज यात्रियों के लिए तैयार किए गए इस खास छाते में UV सुरक्षा के साथ सामान रखने की सुविधा भी दी गई है. इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसे पहने हुए भी यात्री आसानी से सज्दा कर सकते हैं.
Bakrid 2026 पर जानिए हजरत इब्राहिम, हजरत हाजरा और हजरत इस्माइल से जुड़ी वह रूहानी कहानी, जिससे आबे-जमजम और कुर्बानी की परंपरा की शुरुआत मानी जाती है. मान्यता के अनुसार, अल्लाह के हुक्म पर हजरत इब्राहिम अपनी पत्नी हजरत हाजरा और छोटे बेटे हजरत इस्माइल को मक्का की सुनसान घाटी में छोड़ आए थे.
आज सबसे पहले बात करेंगे सऊदी अरब के पवित्र मक्का शहर की, जहां आज से हज यात्रा की शुरुआत हो चुकी है. लेकिन हैरान करने वाली बात ये है कि जिस काबा की तरफ मुंह करके दुनिया के करोड़ों मुसलमान नमाज़ पढ़ते हैं, आज उसकी सुरक्षा के लिए सऊदी अरब को 9 हजार 500 करोड़ रुपये का अमेरिकी 'पैट्रियट एयर डिफेंस सिस्टम' तैनात करना पड़ा है.
हज यात्रा सोमवार से आधिकारिक रूप से शुरू हो गई. सऊदी अरब में दुनिया भर से 15 लाख से ज्यादा श्रद्धालु पहुंच चुके हैं. श्रद्धालु मक्का में काबा की परिक्रमा कर रहे हैं और मीना के विशाल टेंट शहर में इबादत कर रहे हैं. भीषण गर्मी के बीच श्रद्धालु छाते, पानी और फैन की मदद से हज की रस्में निभा रहे हैं.
हज यात्रा के मद्देनजर सऊदी अरब ने सुरक्षा का अभेद्य चक्रव्यूह तैयार कर लिया है. गुरुवार को मक्का में आयोजित एक परेड में सुरक्षा बलों ने अपनी कुशलता और तैयारियों का प्रदर्शन किया.
रमज़ान मुसलमानों के लिए इबादत, सब्र और रहमत का महीना होता है. इस बीच, मिडिल ईस्ट में चल रही जंग ने पाक महीने की रूहानी फिज़ा को अजीब सी दहशत और अनिश्चितता में बदल दिया है. इस्लामी तारीख़ में रमज़ान के वक़्त जंग कोई नई बात नहीं है.
मक्का और मदीना जाना हर मुसलमान की सबसे बड़ी ख्वाहिश होती है, लेकिन रमजान का महीना शुरू होते ही इस सफर का खर्च अचानक क्यों बढ़ जाता है? इसके पीछे का पूरा गणित समझने के लिए पढ़ें यह खबर.
मक्का स्थित मस्जिद अल-हराम की ऊपरी मंजिल से कूदकर एक व्यक्ति ने आत्महत्या की कोशिश की है. सुरक्षाकर्मियों ने त्वरित प्रतिक्रिया देते हुए उसकी जान बचा ली. इस घटना में एक सुरक्षा अधिकारी घायल हो गया है, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
Masjid al-Haram में ऊपरी मंजिल से कूदे शख्स को Saudi security officer ने बचाया. Rescue video हुआ viral, अधिकारी घायल. जानें पूरी घटना.
पाकिस्तान में आर्थिक संकट के बीच सऊदी अरब और यूएई जैसे खाड़ी देशों में भीख मांगने वाले पाकिस्तानी नागरिकों की संख्या बढ़ रही है. सऊदी अरब ने भीख मांगने के आरोप में 56,000 से अधिक पाकिस्तानी नागरिकों को निर्वासित किया है, जबकि पाकिस्तान ने 66,154 यात्रियों को नो-फ्लाई लिस्ट में डालकर विदेश जाने से रोका है.
सऊदी अरब में मदीना के पास हुए बस हादसे के बाद भारत सरकार ने सहायता के लिए एक हाई-लेवल डेलिगेशन भेजने का फैसला किया है. जस्टिस एस अब्दुल नजीर की अगुवाई में टीम राहत कार्यों, शवों की पहचान और पीड़ित परिवारों की मदद पर नजर रखेगी. हादसे में कई भारतीय उमराह यात्री मारे गए.
सऊदी अरब में उमरा यात्रियों की बस हादसे में 45 भारतीयों की मौत हुई, जिनमें हैदराबाद के एक ही परिवार के 18 सदस्य शामिल थे. तीन पीढ़ियों के लोग एक साथ खत्म हो गए. रिश्तेदार न्याय की मांग कर रहे हैं और हादसे की पूरी जांच चाहते हैं.
मदीना के पास हुए दर्दनाक बस हादसे में 45 भारतीय उमरा यात्रियों की मौत ने कई परिवारों को हमेशा के लिए तोड़ दिया. दशकों से हज और उमरा यात्राओं में होने वाली त्रासदियों की यह सबसे भयावह घटनाओं में से एक है. यह रिपोर्ट उन हादसों की कहानी बयां करती है, जिनमें श्रद्धा की यात्राएं अचानक मौत की खबर बन गईं.
हर साल, हजारों भारतीय इस पाक सफर पर निकलते हैं लेकिन, आज इसी रास्ते पर एक दुखद हादसा हो गया, जब मक्का की ओर जा रही बस एक डीजल टैंकर से टकरा गई, जिसमें कई लोगों की मौत हो गई.
उमरा में मक्का जाकर काबा शरीफ की ज़ियारत, तवाफ़ और सई करना होता है. वहीं, हज में पूरा इस्लामी सफर, कई दिनों की आध्यात्मिक यात्रा, जिसमें अराफात, मिना, मुझदलिफ़ा के बड़े बड़े काम शामिल होते हैं.